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दर्जी निकला सीरियल किलर, दिन में लेता नाप रात को 'रमन राघव' की तरह करता पाप

Wed, 12 Sep 2018 03:59 PM IST
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
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कल्पना कीजिए कि जिस शख्स को आप सीधा-साधा एक भला आदमी समझकर मिल रहे हैं, वो रात के अंधेरे में बर्बरता से कत्ल किया करता हो! जब ये बात आपको पता चलेगी तो आपकी पहली प्रतिक्रिया क्या होगी? शुक्र है कि आपने इस दर्जी को अपनी कमीज का नाप नहीं दिया क्योंकि अगर ऐसा होता तो आप इस घटना की खबर पढ़कर कांप जाते। बता दें कि कल्पना करने की जरूरत नहीं है, पुलिस के हत्थे भोपाल का एक ऐसा ही साइको किलर चढ़ा है जिसके गुनाहों कि लिस्ट काफी लंबी है। 42 खून करने वाला रमन राघव या फिर ऑटो शंकर की तरह ही एक और सीरियल किलर आदेश खामरा का नाम सामने आया है। इसने एक दो नहीं बल्कि पूरे 33 लोगों को रात के अंधेरे में मौत की नींद सुला दिया। 

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आदेश की पहचान तो एक पेशेवर दर्जी की है लेकिन उसके गुनाह बेहद चौंकाने वाले हैं। दिन में दर्जी का काम करने वाला आदेश रात को ट्रक ड्राइवरों के लिए काल था। ऐसे ही 33 लोगों को उसने मौत के घाट उतार दिया था। 2010 से उसके अपराध की कहानी शुरू हुई जो उसने पकड़े जाने पर कबूल की है। आदेश को पकड़ने के लिए पुलिस ने यूपी के सुल्तानपुर में डेरा जमाए रखा। मध्यप्रदेश का ये साइको किलर पिछले तीन दिनों से पुलिस को चकमा दे रहा था। लेकिन एक काबिल पुलिस वाली की सूझबूझ ने इसके हाथों में हथकड़ी पहना ही दी। 

आदेश ने 2010 में लगातार तीन हत्याएं की थीं। जिसके चलते वो पुलिस के हत्थे चढ़ा। डीआईजी ने बताया कि 2010 में खामरा ने ट्रक ड्राइवर और क्लीनर को नींद की दवा देकर ट्रक लूट लिया इसके बाद दोनों की हत्या कर दी। एक का शव ब्यावरा-राधौगढ़ के बीच एवं दूसरे का शव मालनपुर भिंड के बीच फेंक दिया। उस समय पुलिस जांच में पता चला था कि मृतक राजेश यादव और मनोज यादव हैं। इनकी गुमशुदगी का मामला बैतूल जिले की पाढर चौकी में दर्ज हुआ था। वहीं अज्ञात शव मिलने का एक मामला भिंड जिले के गोहद थाने में दर्ज हुआ था।
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पकड़ में आने के बाद जब आदेश से पूछा गया कि वो ऐसा क्यों कर रहा था। तो उसने हंसते हुए बेहद चौंकाने वाला जवाब दिया। आदेश ने कहा कि वो इन लोगों को मारकर उन्हें मुक्ति दिया करता था। पकड़े गए इस खूनी दर्जी से पूछताछ जारी है, वहीं भोपाल में खबर ने हड़कंप मचा दिया है। आदेश को जनने वाले लोग स्तब्ध है। उनका सीधा-साधा दर्जी रात को यूं कसाई बना करता था, ये सुनकर लोग सहम गए हैं। सोचिए उन लोगों का जो आदेश की सिलाई की गई कमीज पहनकर इस खबर को पढ़ रहे होंगे।

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पिछले आठ साल में मध्यप्रदेश सहित देश के चार राज्यों में राजमार्ग पर 33 ट्रक चालक एवं क्लीनरों की हत्या कबूलने वाले अंतर्राज्यीय ट्रक लुटेरे गिरोह के सरगना आदेश खामरा (50) को पुलिस भूतों की कहानी एवं आत्माओं का डर दिखाकर उससे उसके द्वारा की गई और हत्याओं का राज खुलवाने की कोशिश कर रही है।

सीरियल किलर मामले की जांच कर रहे एक अधिकारी ने बताया कि दर्जी से ट्रक लुटेरा बने खामरा को भूतों की कहानी एवं उसके द्वारा मारे गये लोगों की आत्माओं का डर दिखाने के अच्छे परिणाम मिल रहे हैं, क्योंकि वह डर के मारे कत्ल के और मामलों में अपना हाथ होने की बात कबूल रहा है।

उन्होंने कहा कि जब पुलिस ने पूछताछ के सभी तरीके अपनाकर पाया कि इससे और राज उगलाना नामुमकिन है तो पुलिस ने उसे यह कहकर डराया, ‘‘तुझे क्या लगता है, तेरे बेटे का चार महीने में दो बार एक्सीडेंट कैसे हो गया? जिन बेकसूरों को तूने मार डाला, उनकी आत्माएं तेरे खिलाफ हो गई हैं। ये तेरे जुर्म हैं, जो तेरा बेटा भुगत रहा है।’’ 

अधिकारी ने उससे कहा, ‘‘प्रायश्चित का एक ही रास्ता बचा है तेरे पास। आज नहीं बताएगा तो तेरे कर्मों की सजा तेरे पूरे परिवार को भुगतनी पड़ेगी। इतना सुनते ही ट्रक चालक एवं क्लीनरों की हत्या करने पर खिलखिला कर हंसने वाला खामरा एक बार फिर टूट गया। तब उसने दो घटनाओं में और तीन लोगों की मध्यप्रदेश में हत्या करना मंगलवार को कबूल किया। इनमें से दो ट्रक चालक थे और एक क्लीनर था।’’ 

उन्होंने कहा, ‘‘इनके साथ ही वह अब तक 33 ट्रक चालक एवं क्लीनरों की हत्या कर ट्रक मय माल लूटपाट करना कबूल चुका है। सात सितंबर को गिरफ्तार किये जाने के बाद से वह कड़ी पूछताछ में सोमवार तक 30 हत्याएं करना कबूल चुका था।’’ अधिकारी ने बताया कि ये हत्याएं उसने वर्ष 2010 से लेकर अब तक की हैं। पुलिस अधीक्षक (भोपाल दक्षिण) राहुल कुमार लोढ़ा ने बुधवार को ‘भाषा’ को बताया, ‘‘हम आदेश खामरा से हर जानकारी का पता लगाने के लिए हर प्रकार के प्रयास कर रहे हैं।’’ 

उन्होंने कहा, ‘‘हमने सीरियल किलर से केवल यह कहा कि उसे प्रायश्चित करना चाहिए और अपने द्वारा किये गये सभी अपराधों के विस्तृत ब्योरे को कबूलना चाहिए। यदि वह ऐसा नहीं करेगा तो उसके कर्मों की सजा उसके पूरे परिवार को भुगतनी पड़ेगी।’’ 

लोढ़ा ने बताया, ‘‘हमने पूछताछ में उसके साथ जो ‘साइकोलॉजिकल ट्रीट’ किया, इसके अच्छे नतीजे आ रहे हैं। हमें उम्मीद है कि वह और हत्याओं को भी कबूलेगा।’’ भोपाल के पुलिस उपमहानिरीक्षक धर्मेन्द्र चौधरी ने बताया, ‘‘हमने सात सितंबर को राजमार्ग पर ट्रक चालक एवं क्लीनरों की हत्या कर मय माल ट्रक लूटपाट करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया था। इस गिरोह से पूछताछ में राजमार्ग पर 33 ट्रक चालक एवं क्लीनर की हत्या का खुलासा हुआ है। अधिकांश में पुष्टि हुई है। बाकी में पुष्टि करने के लिए प्रयास जारी है।’’ 

उन्होंने कहा कि इस गैंग ने वर्ष 2010 से लेकर अब तक इन घटनाओं को मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र एवं उड़ीसा में अंजाम दिया। चौधरी ने कहा कि ट्रक चालक एवं क्लीनरों की हत्या कर लूटपाट करने के मामले में खामरे के अलावा जयकरण प्रजापति (30) एवं तुकाराम बंजारा (48) को भी गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि खामरा भोपाल से सटे हुए रायसेन जिले के मंडीदीप का रहने वाला है, जबकि जयकरण भोपाल निवासी है और तुकाराम महाराष्ट्र के यवतमाल जिले का निवासी है।

उन्होंने कहा कि संभावना है कि इन आरोपियों ने राजमार्ग पर ट्रक लूट एवं हत्याओं की वारदातों को अन्य राज्यों में भी अंजाम दिया होगा। इसके लिए हम अन्य राज्यों से भी संपर्क कर रहे हैं। चौधरी ने बताया कि लूटे गये ज्यादातर ट्रक आरोपियों ने बेच दिये हैं या ट्रक के विभिन्न पुर्जों को अलग-अलग कर बिहार में ठिकाना लगा दिया है। वहीं, ट्रक से लूटे गये माल को मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र एवं बिहार में बेचा है।

उन्होंने कहा कि इनके कब्जे से पुलिस ने दो ट्रक, सरिया, दवा, खाद्य पदार्थ एवं अन्य माल बरामद किया है। इसके अलावा, उनके कब्जे से एक छोटी डायरी भी बरामद की है, जिसमें इस गैंग के सरगना ने अपने साथियों एवं जाल में फंसाये गये लोगों के मोबाइल नंबर लिखे गये हैं। इन सबकी जांच कर दी गई है।

उन्होंने इनके वारदात करने के तरीका के बारे में बताते हुए कहा कि जयकरण द्वारा ट्रक चालकों से मिलकर उनसे दोस्ती कर आदेश खामरा को मालिक बताते हुए बुलाया जाता था और फिर पार्टी के बहाने चालक एवं क्लीनर को खाने-पीने के साथ नींद की गोली दे देते थे। इसके बाद ट्रक लूटकर रास्ते में गला घोंट कर या रॉड माकर उनकी हत्या कर देते थे और सबूत मिटाने के लिए लाश को नदी में फेंक देते थे या सुनसान जगह में ठिकाने लगा देते थे।

चौधरी ने बताया कि पिछले सप्ताह मध्यप्रदेश पुलिस ने भोपाल के निकट बिलखिरिया इलाके में एक ट्रक चालक के शव मिलने के बाद इस अंतर्राज्यीय गिरोह का भंडाफोड किया था। वहीं, खामरा के साथ में इस अपराध में शामिल जयकरण एवं तुकाराम ने पूछताछ में पुलिस को बताया कि जब गिरोह का सरगना खामरा इन लोगों को बेवजह मारा करता था, तो वह हंसता था और कहा करता था – ‘‘ट्रक चालक एवं क्लीनरों की जिंदगी काफी कठिन होती है। मैं इनको मुक्ति दिला रहा हूं। मोक्ष दे रहा हूं।’’
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