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कुख्यात मुनीर के मुखबिर और दो प्रापर्टी डीलरों को गोली मारी

Sat, 02 Sep 2017 05:41 PM IST
amarujala.com, Presented By: विकास जांगड़ा
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फायरिंग
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अलीगढ़। बन्ना देवी थाने का रघुवीरपुरी होली चौक देर रात गोलियों की तड़तड़ाहट से गूंज उठा। यहां प्रापर्टी का काम करने वाले एक पक्ष को दूसरे पक्ष ने गोलियां मारकर घायल कर दिया। घायलों को वरुण ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। 
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अशांक पुत्र गंगासरन गौड़ निवासी होली चौक रघुवीरपुरी, विक्की पुत्र रामजी लाल निवासी पाठक गन हाउस के पास गूलर रोड, गोली लगने से घायल हैं। इस हमले का आरोपी कुख्यात मुनीर का मुखबिर वरुण निवासी फायर ब्रिगेड कालोनी भी गोली लगने से घायल है। उसके साथी तरुण उर्फ चिल्लू और नौबत देहलीगेट इलाके के रहने वाले हैं। विवाद की जड़ में पार्किंग को लेकर हुआ झगड़ा बताया जा रहा है। 

पुलिस के अनुसार अशांक के पास अपनी एक स्विफ्ट कार है। ये कार अशांक के घर के बाहर ही सड़क पर खड़ी रहती है। तकरीबन आठ दिन पहले वरुण ने इसी कार का शीशा तोड़ दिया था। जिस पर भड़के अशांक ने बन्नादेवी थाने में तहरीर देकर वरुण के खिलाफ मोर्चा खोल दिया।

इससे तिलमिलाया वरुण अशांक को सबक सिखाना चाहता था। शुक्रवार रात रघुवीरपुरी में ही घर के पास अपने साथी विक्की के साथ अशांक खड़ा था। वरुण यहां अशांक से वह उलझ गया। कहासुनी के बाद गालीगलौज होने लगी। इस पर भड़के वरुण ने गोलियां चला दीं। पहले हवाई फायर किए और बाद में सीधे निशाना लगा कर गोलियां मारी गईं। एक गोली विक्की के सीने में लगी हैं और एक अशांक के सिर को छूती हुई निकल गई।

दूसरी ओर से चलाई गोली वरुण के पैर में लगी। तीनों को आननफानन में वरुण ट्रॉमा सेंटर लाया गया। विक्की के सीने का ऑपरेशन कर गोली निकाल दी गई है। इधर, वरुण का कहना है कि उसे अशांक ने गोली मारी है। अशांक का कहना है कि सभी गोलियां वरुण पक्ष से चलाई गई हैं। गोली चलाने के दौरान ही एक गोली जल्दबाजी में उसके पैर में लग गई है या उसने खुद ही मार ली है, ताकि उसकी तरफ से भी मुकदमा दर्ज कराया जा सके। क्योंकि अशांक ने वरुण के खिलाफ थाने में शिकायत की है, इसलिए वह अशांक को भी इस मामले में फंसाना चाहता है। 
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कुख्यात मुनीर का मुखबिर है वरुण

अलीगढ़। वरुण पूर्व में इंडसइंड बैंक में काम करता था। उस वक्त आशुतोष और मुनीर को खबर पहुंचता था, जिसमें उसको जेल भेजा गया था। मीनाक्षी पुल के पास 32 लाख और रेलवे रोड पर 35 लाख की लूट में वरुण ही मुख्य खबरी था। वरुण ही बताता था कि पैसा कब, कहां और कैसे जा रहा है। पुलिस इस मामले में भी वरुण की भूमिका की गंभीरता से जांच कर रही है कि इसके मूल में कोई और बड़ा कारण तो नहीं है। अशांक पक्ष को भी वरुण से खतरा बढ़ गया है। फिलहाल पुलिस ने सभी बिंदुओं पर तफ्तीश शुरू कर दी है।
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