रेल मंत्रालय द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे मजदूर, श्रमिकों, पर्यटकों एवं छात्रों के लिए राज्य सरकार के अनुरोध पर भारतीय रेल विशेष ट्रेनें चला रही हैं। इस कड़ी में मध्य रेल द्वारा उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, बिहार और उड़ीसा आदि राज्यों के लिए श्रमिक विशेष गाड़ियों का परिचालन हो रहा है। श्रमिकों के लिए अकेले मुंबई मंडल से विशेष गाड़ियां रवाना हुई। अपने गांव जाने की खुशी में इन गाड़ियों में यात्रा करने वाले सभी यात्रियों के चहरे पर खुशी साफ झलक रही थी।
मुंबई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसटीएम0 से लॉकडाउन के बाद पहली बार शनिवार को 4 ट्रेने उत्तर प्रदेश के लिए रवाना की गई। इनमें छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस से लखनऊ, गौंडा और बस्ती, लोकमान्य तिलक टर्मिनस से गोंडा की ट्रेन शामिल रही। इसके अलावा ठाणे से बरौनी (बिहार) तथा पनवेल से टिटलगढ तथा लखनऊ के लिए रवाना हुई। मुंबई से गोंडा जा रहे संतन कुमार की उनकी आंखों में खुशी के आंसू झलक रहे थे। उन्होंने रेलगाड़ी चलाने के लिए रेल मंत्रालय तथा प्रधान मंत्री को धन्यवाद दिया तथा घर से स्टेशन तक लाने खाने पानी की व्यवस्था हेतु महाराष्ट्र सरकार को भी आभार व्यक्त किया। इसके साथ साथ उन्होंने मदद के लिए पुलिस प्रशासन की भी तारीफ की।
सीएसटीएम से लखनऊ के लिए ट्रेन में सवार हुए चांद आलम अंसारी वसीम खान ने कहा कि हमारे पास जितने पैसे थे सभी खर्च हो गये काम धंधा बंद है। रेलगाड़ी चलने की खबर से थोड़ी राहत मिली और जब हम गाड़ी में बैठे तो बहुत खुशी हो रही है। प्रधानमंत्री और रेलमंत्री का धन्यवाद। वसीम खान ने कहा कि उन्हें उम्मीद थी कि सरकार जरूर उनकी सुधि लेगी और गांव भेजने का प्रबंध करेगी।
उधर, मध्य रेल के जनसंपर्क अधिकारी ए.के.सिंह ने बताया कि कुछ ट्रेने 20 तो कुछ 22 डिब्बे की रवाना की जा रही हैं। जिसमें करीब 1200 यात्री सवार हो रहे हैं। सभी यात्रियों के समाजिक दूरी का पुरा ख्याल रखा जा रहा है। वहीं, रेलवे स्टेशन पर य़ात्रियों को खाना, पानी की एक बोतल तथा मास्क वितरित किए जा रहे हैं।