भारतीय जनता पार्टी उपाध्यक्ष एवं मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने प्रवेश और प्रतियोगी परीक्षाएं आयोजित करने वाले व्यावसायिक परीक्षा मंडल व्यापम से जुडे घोटाले की तुलना आज बिहार के चारा घोटाले से करते हुए इसकी जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो सीबीआई से कराने की मांग की।
उमा भारती ने यहां अपने निवास पर पत्रकारों से चर्चा के दौरान कहा कि व्यापम घोटाले की जडें बहुत व्यापक हैं। इसके ठीक पहले राज्य के पुलिस महानिदेशक नंदन दुबे ने उनसे मुलाकात की।
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नंदन दुबे के रवाना होने के बाद उमा भारती ने पत्रकारों को बताया कि पुलिस महानिदेशक ने उनसे कहा है कि घोटाले से जुड़ी प्राथमिकी में उनका नाम नहीं है और न ही उनके खिलाफ जांच की जा रही है।
उनका नाम रिफरेंस के तौर पर आया है लेकिन उनके खिलाफ कोई प्रमाण नहीं है।
भारती ने कहा कि व्यापम घोटाले में भी राजनैतिक व्यक्ति शामिल हैं और यह बहुत व्यापक घोटाला है। इसलिए ही उन्होंने इस मामले की सीबीआई जांच की मांग की थी और इस संबंध में वह राज्य सरकार को शीघ्र, ही लिख भी सकती है।
उन्होंने कहा कि इस मामले की जांच कर रहे पुलिस के विशेष कार्य बल एसटीएफ के वरिष्ठ अधिकारी ईमानदार हैं लेकिन अन्य अधिकारी राज्य सरकार के अधीन हैं तो वह कैसे बडे लोगों के खिलाफ पूरी निष्पक्षता के साथ जांच कर सकते हैं।
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