ग्राम सभा में लिया गया शराबबंदी का निर्णय
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दमोह जिले की जबेरा जनपद अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत मनगुवा मानगढ़ के ग्रामीणों ने पंचायत को समरस बनाने का फैसला लिया है और शराबखोरी पर पूर्णत: रोक लगाने के लिए जुर्माना लगाने जैसा फैसला लिया है। इस पहल को गांव के लोगों ने काफी अच्छा बताया है। शराबखोरी के कारण परिवार बर्बाद होने से बचेंगे और व्यर्थ के विवाद भी नहीं होंगे। ग्राम पंचायत मनगुवां मानगढ़ में सभी ग्रामीण एकत्रित हुए और ग्राम सभा में सामूहिक रूप से प्रस्ताव पारित किया गया कि पूरी ग्राम पंचायत को नशा मुक्त किया जाए। इस फैसले पर सरपंच नवल सिंह लोधी ने अपनी मुहर लगा दी।
सभी ने यह निर्णय लिया कि ग्राम पंचायत के अंतर्गत आने वाले तीनों गांव में ना तो लोग खुद शराब पिएंगे और ना ही दूसरों को पीने देंगे। यदि कोई व्यक्ति इस नियम को तोड़ता है तो पहले उसे समझाइश दी जाएगी और इसके बाद भी यदि वह नहीं मानता तो उसकी सामर्थ्य के अनुसार जुर्माना लगाया जाएगा। ताकि हर बार जुर्माना लगने के डर से वह शराब पीना छोड़ दे। इसके अलावा यदि कोई गांव में अवैध शराब बनाता है या बाहर से लाकर गांव में बेचता है तो उसके विरुद्ध आबकारी विभाग व पुलिस को सूचना देकर कार्रवाई करवाई जाएगी।
सभी ग्रामीणों का कहना था कि प्रदेश सरकार द्वारा नशा मुक्त ग्राम पंचायत को पुरस्कृत करने की बात कही है और ग्राम पंचायत मनगुवां मानगढ़ नशा मुक्त हो इसके लिए सभी ग्रामीणों ने सामूहिक निर्णय लिया है। जिससे उनकी ग्राम पंचायत नशा मुक्त हो सके। ग्राम पंचायत मनगुवां सरपंच की पहल से लोगों द्वारा लिए गए इस निर्णय का बनवार चौकी प्रभारी शत्रुघ्न दुबे ने भी स्वागत किया और पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया है।