रबी विपणन वर्ष 2025-26 के लिए समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन हेतु किसान पंजीयन की अवधि बढ़ाकर 9 अप्रैल 2025 तक कर दी गई है। उमरिया जिले में कुल 35 पंजीयन केन्द्र निर्धारित किए गए हैं, साथ ही एम.पी. ऑनलाइन एवं कॉमन सर्विस सेंटर के माध्यम से भी किसानों का पंजीयन किया जा रहा है। अब तक (2 अप्रैल 2025 तक) जिले में 11,965 किसानों ने गेहूं विक्रय हेतु पंजीयन करा लिया है।
राज्य शासन ने न्यूनतम समर्थन मूल्य के तहत उपार्जित गेहूं का मूल्य 2,425 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है। इसके अतिरिक्त, किसानों को 175 रुपये प्रति क्विंटल की दर से बोनस दिया जाएगा। इस प्रकार, कुल 2,600 रुपये प्रति क्विंटल की दर से किसानों को भुगतान किया जाएगा।
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गेहूं उपार्जन की प्रक्रिया एवं तिथियां जिले में गेहूं उपार्जन कार्य की जिम्मेदारी एम.पी. स्टेट सिविल सप्लाईज कार्पोरेशन उमरिया को सौंपी गई है। जिले में 34 उपार्जन केंद्रों पर गेहूं उपार्जन किया जा रहा है। शासन के निर्देशानुसार यह प्रक्रिया 15 मार्च 2025 से शुरू होकर 5 मई 2025 तक चलेगी। किसान भाई जो पंजीकरण कर चुके हैं, वे अपने नजदीकी उपार्जन केंद्र पर स्लॉट बुक कर सकते हैं और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं विक्रय कर इस योजना का लाभ ले सकते हैं।
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पंजीयन हेतु अंतिम अवसर रबी विपणन वर्ष 2025-26 के लिए जो किसान अभी तक पंजीयन नहीं करा पाए हैं और न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं विक्रय करना चाहते हैं, वे 9 अप्रैल 2025 तक अपना पंजीयन नजदीकी पंजीयन केंद्र, एम.पी. ऑनलाइन अथवा कॉमन सर्विस सेंटर पर करा सकते हैं। यह किसानों के लिए समर्थन मूल्य योजना का लाभ उठाने का आखिरी अवसर होगा। सरकार की इस पहल का उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाना और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है।