उज्जैन के पिपलीनाका क्षेत्र में क्षेत्रीय पार्षद और एमपीबी के अधिकारियों के बीच हुए विवाद का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें क्षेत्रीय पार्षद एमपीबी के अधिकारियों के साथ अभद्रता और मारपीट करते नजर आ रहे हैं। इस मारपीट के बाद दोनों ही पक्ष जीवाजीगंज थाने पहुंचे, जहां वह एक दूसरे के खिलाफ प्रकरण दर्ज करने की बात कर रहे हैं।
जीवाजीगंज थाना के पिपलीनाका क्षेत्र में कार्तिक मेला झोन विद्युत मंडल के कनिष्ठ यंत्री दुर्गेश सिंह रुक्मिणी बाई पति शंकरलाल की ऑनलाइन शिकायत का निराकरण करने के लिए पिपलीनाका क्षेत्र में कनिष्ठ यंत्री वीरेंद्र रावत, अर्जुन राजोरिया और लोकेंद्र भदोरिया के साथ पहुंचे थे। ये लोग पारस ज्वेलर्स के पास रास्ते पर खड़े होकर कुछ बात ही कर रहे थे, तभी यहां क्षेत्रीय पार्षद हेमंत गहलोत पहुंचे और एमपीबी कर्मचारियों के साथ वार्ड में आने की बात को लेकर ही विवाद करने लगे। कहासुनी से शुरू हुआ यह विवाद उस समय मारपीट तक पहुंच गया। जब पार्षद ने एमपीबी के कुछ अधिकारियों को वीडियो बनाते हुए देखा, जिस पर उन्होंने मोबाइल छीनकर इन लोगों की पिटाई भी कर डाली।
एमपीबी कर्मचारियों के साथ की गई मारपीट के साथ ही कुछ लोगों ने उनकी गाड़ी एमपी-13 एल- 4275 के कांच भी फोड़ दिया, जिसको लेकर कनिष्ठ यात्री दुर्गेश सिंह और अन्य कर्मचारी जीवाजीगंज थाने पर आरोपियों के खिलाफ मारपीट का प्रकट करवाने के लिए पहुंचे थे। थाने पर क्षेत्रीय रवासियों के साथ पहुंचे पार्षद हेमंत गहलोत ने बताया कि जब मैं घर पर आराम कर रहा था, उस समय कुछ बच्चे मुझे बुलाने पहुंचे और बताया कि कुछ लोग हमारे घर में घुसने का प्रयास कर रहे हैं। जब मैं वहां पहुंचा तो यहां एमपीबी के लोग खड़े थे, जिन्हें मैंने कहा कि आप लोग शाम को चेकिंग करने आ जाना। पार्षद हेमंत गहलोत से जब पूछा गया कि आपके द्वारा विद्युत मंडल के अधिकारियों के साथ मोबाइल छीनने और मारपीट करने का वीडियो वायरल हो रहा है तो इस पर उन्होंने कोई जानकारी न होने की बात कही।
एमपीबी के अधिकारियों ने कहा- महिलाओं के साथ अभद्रता की बात झूठी
एमपीबी के अधिकारियों ने बताया कि हमारे साथ मारपीट की गई है। हमारी गाड़ी फोड़ी गई और हमें पीटा भी गया। लेकिन क्षेत्र के पार्षद और अन्य लोग हम पर ही झूठा आरोप लगा रहे हैं। महिलाओं के साथ अभद्रता करने के जो आरोप हम पर लगाया जा रहे हैं, वह भी गलत व निराधार हैं।