जिले के थाना माकड़ोन में 25 जनवरी को सरदार वल्लभ भाई पटेल की मूर्ति की स्थापना और उसके पश्चात दो पक्षों में हुए विवाद व बलवे में पुलिस को दोनों पक्षों की शिकायत प्राप्त हुई थी, जिसमें पुलिस ने विभिन्न धाराओं में आपराधिक प्रकरण दर्ज किए हैं। साथ ही पुलिस त्वरित ढंग से आरोपियों के खिलाफ विधि सम्मत कार्रवाई करते हुए गिरफ्तारी कर रही है।
इन नामों के खिलाफ दर्ज हुए मामले
बता दें कि इस मामले में पुलिस ने मालवीय समाज के कमल जाल, मुकेश जाल, सेवाराम मालवीय, सुमित जाल, रोहीत मालवीय, नरेन्द्र मालवीय, राहुल मालवीय, अजय मालवीय, रामचन्द्र मालवीय, कन्हैयालाल मालवीय, महेन्द्र मालवीय, मन्जुबाई, यशोदाबाई, महीमा मालवीय, वन्दना मालवीय, गंगाबाई मालवीय, आशाबाई मालवीय, अन्तरबाई मालवीय, जगदीश चौहान, करण मालवीय, निर्भय मोगीया, श्याम चौहान, रवि जाल, रवि सोलंकी, रामप्रसाद जाल, सुनिल मालवीय, महेश कुसमारिया, कमल मालवीय, राहुल नरवरिया, जितेन्द्र चौहान, शुभम, पीरुलाल, सूरज बलाई, विजय बलाई, प्रेम मालवीय, नवीन बलाई के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। जबकि पाटीदार समाज के नितेश गामी, दिलीप गामी, विजय लाकड़, ओमप्रकाश पाटीदार, विनय सरिया, रवि पाटीदार, संजय पाटीदार, अंकित पाटीदार, ललित पाटीदार, भोला लाकड़, नितेश पाटीदार, जितेन्द्र गामी, कैलाशचन्द्र पाटीदार, संतोष बोहरा, मूलचंद लाकड़, विनोद गामी, अर्जुन पाटीदार एवं अन्य कुल 53 ज्ञात एवं अन्य अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज किए गए है।
मालवीय समाज के लोगों को मंदिर में न जाने देने की खबर झूठी
माकड़ोन में हुए विवाद के खिलाफ उज्जैन पुलिस के द्वारा सख्त कार्रवाई की जा रही है। जिसमें कुछ शरारती तत्वों द्वारा यह आरोप लगाया जा रहा है कि मंदिर में अनुसुचित जाति के लोगों को मंदिर में जाने नहीं दिया जा रहा है, जोकि भ्रामक जानकारी फैलाई जा रही है। उज्जैन जिले के वरिष्ठ अधिकारी कैंप लगाए हुए हैं, इस प्रकार की कोई घटना सामने नहीं आई है।