उज्जैन के महाकाल मंदिर में नागपंचमी की तैयारियां लगभग पूरी हो गई हैं। साल में एक बार खुलने वाले नागचंद्रेश्वर के दर्शन के लिए मंदिर के पट खोल दिए गए हैं। भक्तों को दर्शन सुलभ हों, प्रशासन ने इसके लिए खास इंतजाम किए हैं। इस बार भक्तों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पैदल पुल के माध्यम से दर्शन करवाए जा रहे हैं। इसके पहले तक अस्थायी सीढ़ियां बनाकर दर्शन कराए जाते थे। इस पैदल पुल को केंद्रीय भवन अनुसंधान रूड़की और लोक निर्माण विभाग की ओर से भी पास कर दिया गया है।
बता दें, कि इस बार नागपंचमी का दिन उज्जैन में खास रहता है। महाकालेश्वर मंदिर के शीर्ष पर भगवान नागचंद्रेश्वर का मंदिर है, जो सालभर में एक दिन सिर्फ नागपंचमी पर ही खुलता है। 24 घंटे भक्तों के लिए मंदिर खुला रहता है। इस दिन नागचंद्रेश्वर के दर्शन करने बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं।

सोमवार रात 12 बजे मंदिर के गेट खोले गए। महानिर्वाणी अखाड़े के गादीपति महंत विनीत गिरी महाराज के सान्निध्य में कलेक्टर आशीष सिंह की मौजूदगी में पूजा हुई। फिर भक्तों के दर्शन के लिए मंदिर खोल दिया गया। मंगलवार रात 12 बजे पूजन के बाद फिर एक साल के लिए मंदिर के पट बंद कर दिए जाएंगे।