दमोह के देहात थाना के मुश्की बाबा क्षेत्र में 25 मई को हुआ गोलीकांड फर्जी निकल गया है। इस मामले में घायल युवक ने ही गोलीकांड का षड्यंत्र रचा था। वह अपने दुश्मन को इस मामले में फंसाना चाहता था। रविवार शाम को दमोह एसपी राकेश कुमार सिंह ने इस मामले का खुलासा किया है।
शुरुआती घटना के बाद पुलिस ने इस मामले में दो युवकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली थी। जब देहात थाना टीआई सत्येंद्र सिंह राजपूत ने इस मामले की जांच शुरू की तो पूरा मामला संदिग्ध नजर आया। जांच आगे बढ़ी तो मामला स्पष्ट हो गया कि यह गोलीकांड फर्जी तरीके से बनाया गया था।
25 मई की शाम शैलेंद्र अवस्थी घायल अवस्था में जिला अस्पताल पहुंचा। उसने बयान दिया कि बृजेश पटेल, राघवेंद्र पटेल ने उसे मुश्की बाबा चौराहे पर गोली मारी है। पुलिस ने घायल के बयान के आधार पर दोनों आरोपियों के खिलाफ 307 का मामला दर्ज कर लिया। शैलेंद्र अवस्थी को जबलपुर रैफर किया गया। मामले की जांच शुरू हुई तो देहात थाना टीआई राजपूत को पता चला कि इस मामले में बृजेश पटेल और राघवेंद्र पटेल का शैलेंद्र अवस्थी से कुछ समय पहले विवाद हुआ था। इस मामले में कोतवाली में एफआईआर दर्ज है। बदला लेने के लिए शैलेंद्र ने दोस्त रवि प्रजापति, अवनीश ठाकुर और जितेंद्र अवस्थी के साथ एक षड्यंत्र रचा।
रवि प्रजापति ने अवनीश ठाकुर से एक पिस्टल खरीदी। शैलेंद्र अवस्थी के घर पर उसकी पीठ में गोली चला दी, जो पीठ में जाकर फंस गई। इसके बाद शैलेंद्र ने अस्पताल पहुंचकर बृजेश पटेल और राघवेंद्र पटेल पर आरोप लगा दिया। इस मामले में गिरफ्तार हो चुके रवि प्रजापति और जितेंद्र अवस्थी ने षड्यंत्र का खुलासा कर दिया है। फिलहाल अवनीश ठाकुर फरार है। शैलेंद्र अवस्थी जबलपुर मेडिकल में इलाजरत है। इन सभी के खिलाफ पुलिस ने 307, 25-27, 120 बी, 194, 201 धारा के तहत अपराध दर्ज किया है।
अवैध हथियार और गांजा बरामद
पुलिस की तलाशी के दौरान आरोपी रवि प्रजापति और जितेंद्र अवस्थी के घर से देशी 32 बोर की पिस्टल, खाली खोका, एक चादर जिस पर खून के निशान लगे हैं, बरामद की है। एक 12 बोर की बंदूक, एक रिवॉल्वर, एक चाकू, 10 जिंदा कारतूस 7.65 MM और 4 जिंदा कारतूस 8 MM और 1 किलो 50 ग्राम गांजा जब्त किया गया है।