जिले के एसएएफ ग्राउंड में चल रही पुलिस भर्ती में एक फर्जी अभ्यर्थी को चेकिंग टीम ने पकड़ा है। यह आरोपी दूसरे अभ्यर्थी का फिजिकल देने के लिए यहां आया था, लेकिन एडमिट कार्ड से चेहरा न मिलने के चलते टीम ने आरोपी से पूछताछ की, जिसमें आरोपी फर्जी पाया गया है।
बता दें कि पिछले 1 महीने से पुलिस भर्ती का फिजिकल एसएएफ की पांचवी बटालियन के मैदान में चल रहा है। इस दौरान पीएचक्यू के द्वारा पुलिस भर्ती में एक डीआईजी एक पुलिस अधीक्षक और दो अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सहित भारी पुलिस बल लगाया गया है। जिससे भर्ती में किसी प्रकार की चूक न हो सके।
यही वजह है कि आज सुबह 5:00 प्रतिदिन की तरह जिन अभ्यर्थियों का फिजिकल होना था। वह सभी भर्ती के मैदान में अंदर हो गए, इन अभ्यर्थियों में एक ऐसा व्यक्ति शामिल था जो चिन्नौनी चंबल थाना क्षेत्र के दुर्गेश जाटव की जगह उत्तर प्रदेश से 3 लाख 50 हजार रुपए में फिजिकल देने आया था। जो फिजिकल देने से पहले अपने कागज चेक करा रहा था।
तभी चेकिंग टीम ने बड़ी ही बारीकी से गौर किया तो एडमिट कार्ड पर जो फोटो लगा था, उससे आरोपी की शक्ल बिल्कुल भी मैच नहीं कर रही थी। यही वजह है की चेकिंग टीम ने आरोपी से उसका नाम और गांव पूछा तो वह शकपका गया और गांव बताने में असमर्थ रहा।
इसके बाद टीम ने आरोपी को ले जाकर कड़ाई से पूछताछ की तो उसने पूरा सच उगल दिया। उसने बताया कि वह तीन लाख 50 हजार में फिजिकल देने के लिए यहां आया हुआ था। पकड़ा गया आरोपी रिंकू जाट उत्तर प्रदेश का निवासी बताया जा रहा है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 420 के तहत मामला दर्ज करके आरोपी से पूछताछ शुरू कर दी है।
पुलिस को उम्मीद है कि आरोपी से पूछताछ में एक बड़े नेटवर्क का भी खुलासा हो सकता है। वहीं इस मामले को लेकर के पुलिस अधीक्षक समीर सौरव का कहना है कि पीएचक्यू के निर्देशन पर पुलिस भर्ती चल रही है, इसमें एक फर्जी अभ्यर्थी को पकड़ा है। उसके खिलाफ मामला दर्ज करके पूछताछ की जा रही है।