माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय में रिजल्ट बिगड़ने से भड़के छात्रों ने परिसर में जमकर हंगामा किया। दरअसल, पिछले दिनों विश्वविद्यालय ने जो 78 तरह के रिजल्ट घोषित किए हैं उसमें काफी संख्या में छात्र असफल हुए हैं।
इसी के विरोध में सोमवार को छात्रों ने परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। इसी दौरान छात्रों ने रजिस्ट्रार के चैंबर की खिड़कियों के कांच फोड़ दिए। बताया जाता है कि छात्र कुलपति कार्यालय के सामने धरने पर बैठकर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे, इस बीच कुछ छात्रों ने रजिस्ट्रार दीपेंद्र सिंह बघेल को अपने साथ बैठाने की जोर-जबर्दस्ती की और कुलपति को बुलाने की मांग करने लगे। इस बात की जानकारी जब प्रदेश पुलिस चली तो वह कैंपस पहुंची।
बता दें कि विरोध कर रहे छात्रों ने मूल्यांकन व्यवस्था पर सवाल उठाए और साथ विश्वविद्यालय की परीक्षा शाखा पर भृष्ट होने का आरोप लगाया है। छात्रों का कहना है कि जो छात्र अभी तक कैंपस में टॉप किया करते थे और अच्छे अंकों के साथ पास होते आए, उन्हें फेल कर दिया गया है। छात्रों का आरोप है कि परीक्षा को मुल्यांकन अयोग्य शिक्षकों से कराया गया। छात्रों ने चेतावनी दी है कि अगर इस गड़बड़ी में सुधार कर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो वह आत्मदाह करेंगे।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय में वित्तीय अनियमित्ता और भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच के लिए शासन द्वारा नियुक्त कमेटी ने काम शुरू कर दिया। भोपाल स्थित विश्वविद्यालय में कमेटी की पहली बैठक तीन घंटे से ज्यादा समय तक चली। जांच कमेटी ने पूर्व कुलपति प्रो. बीके कुठियाला की विदेश यात्राओं को भी जांच के घेरे में लिया है।
ऐसी आशंका है कि कुठियाला ने न सिर्फ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभिन्न शहरों में लगने वाले शिविर बल्कि संघ के अन्य कार्यक्रमों में शामिल होने के लिए पद का दुरुपयोग करते हुए विश्वविद्यालय का पैसा खर्च किया है।