मध्य प्रदेश के आगामी चुनावों में भाजपा ने सारा दांव मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर लगा दिया है।
मुख्यमंत्री की सभाओं में जबरदस्त भीड़ उमड़ रही है। सभाओं में उम्मीदवारों और टिकट पाने वालों का कोई जिक्र नहीं है।
मुख्यमंत्री का कहना है कि वह जननायक हैं और उन्हें पार्टी ने जननायक बनाया है। उन्हें जनता का काम करना है। वह सभाओं में लोगों से सीधा संवाद करके कह रहे हैं कि कि कमल का निशान देखो और मुझे देखो। इस बात को भूल जाओ कि किसे टिकट मिल रहा है और कौन उम्मीदवार है।
मुख्यमंत्री की रणनीति यह है कि वह विधायकों के खिलाफ स्थानीय स्तर पर नाराजगी को खत्म करना चाहते हैं।
चुनाव क्षेत्रों में बदलाव, कमजोर कामकाज वाले विधायकों को टिकट नहीं देने और मतदाताओं को सीधे पार्टी और अपनी छवि के साथ जोड़ना चाहते हैं। इन सभाओं को देखकर लगता नहीं कि पुरानी सरकार के खिलाफ कोई रुझान है।
उधर, कांग्रेस नेताओं का दावा है कि मुख्यमंत्री इस योजना में सरकारी तंत्र और धर्म का दुरुपयोग कर रहे हैं।
कांग्रेस नेता अवनीश भार्गव का कहना है कि पूरे सरकारी तंत्र को इसमें झोंका जा रहा है और भगवान महाकाल के धार्मिक प्रतीकों का इस्तेमाल यात्रा के दौरान किया गया है।