शहडोल जिले में सोहागपुर थाना क्षेत्र के जरहा गांव में एक 11 वर्षीय बालक की झूला झूलते समय अचानक जान जाने की घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। राजकुमार सिंह, जो विक्रम सिंह का पुत्र था, अपने मामा के घर पर खेलते समय झूले में गर्दन फंसने के कारण फांसी पर लटक गया और उसकी मौत हो गई है।
इस बारे में जानकारी देते हुए थाना प्रभारी भूपेंद्र मणि पांडे ने बताया, राजकुमार अपने दोस्तों के साथ झूला झूल रहा था। अचानक उसकी गर्दन झूले में फंस गई और वह फांसी लगने के कारण लटक गया। घटना के समय वहां अन्य बच्चे भी मौजूद थे, लेकिन जब उन्होंने देखा कि राजकुमार को झूले में फांसी लग गई है, तो वे डर कर भाग गए।
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जानकारी के अनुसार, राजकुमार जब घर काफ़ी समय तक नहीं आया तो कुछ समय बाद उसके मामा और अन्य परिजन मौके पर पहुंचे। उन्हें राजकुमार का गला फंदे में फंसा देख उसे निकाल नजदीकी अस्पताल ले जाने का निर्णय लिया। अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस दर्दनाक घटना पर गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। राजकुमार के पड़ोसी ने कहा, इस तरह की घटना सुनकर दिल बेहद दुखी हुआ। यह एक मासूम बच्चा था, जो सिर्फ खेल रहा था। हमें बच्चे की सुरक्षा के लिए विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।
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थाना प्रभारी भूपेंद्र मणि पांडे ने बताया कि राजकुमार सिहं पिता विक्रम सिंह (11) वर्ष निवासी नौगवां थाना बुढार का रहने वाला था और वह काफी समय से अपने मामा के घर जरहा थाना सोहगपुर में रह कर पढ़ाई करता था। खेल खेल में घर के पास बच्चे एक पेड़ में रस्सी का झूला बनाए थे, जिसमें झूलते वक्त उसकी गर्दन फंस गई। उस दौरान अन्य बच्चे भी मौके पर थे, लेकिन राजकुमार की जब गर्दन फंसी तो सभी बच्चे डर गए और वहां से भाग गए।
काफी देर तक जब बालक घर नहीं लौटा तो परिजन उसकी तलाश करने लगे। तभी पास में स्थित एक पेड़ में लगी रस्सी के फंदे में वह फंसा हुआ दिखाई दिया। उसके बाद अस्पताल ले जाने में उसे डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया है। पुलिस को मामले की जानकारी दी गई थी। मौके पर पहुंची पुलिस में पड़ताल कर रही है। मामले पर मर्ग कायम किया गया है।