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Sehore news: पानी के संकट के बीच बोरवेल माफियाओं का खेल बेनकाब, जावर पुलिस की रेड से मचा हड़कंप

Tue, 19 May 2026 06:09 PM IST
सीहोर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीहोर

सार

सीहोर जिले में जल संकट के बीच जावर पुलिस ने ग्राम केसोपुर में अवैध बोरवेल खनन पर बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने ड्रिलिंग मशीन जब्त कर दो आरोपियों पर मामला दर्ज किया। प्रशासन ने चेतावनी दी कि बिना अनुमति बोरवेल खनन करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।

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अपराध - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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तपती गर्मी और गहराते जल संकट के बीच सीहोर जिले में अवैध बोरवेल खनन करने वाले माफियाओं पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है। जिले के कई गांवों में पानी की एक-एक बूंद के लिए लोग परेशान हैं, वहीं दूसरी ओर कुछ लोग प्रशासनिक आदेशों को ठेंगा दिखाकर चोरी-छिपे धरती का सीना छलनी करने में जुटे हैं।

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ऐसे ही एक मामले में जावर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम केसोपुर में अवैध रूप से चल रही बोरवेल ड्रिलिंग मशीन को जब्त कर लिया और संबंधित आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर कानूनी शिकंजा कस दिया। थाना जावर पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम केसोपुर में कुछ लोग बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के प्रतिबंध के बावजूद अवैध रूप से नलकूप खनन करा रहे हैं।

सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई और तत्काल पुलिस बल के साथ मौके पर दबिश दी गई। पुलिस की औचक कार्रवाई से वहां मौजूद लोगों में अफरातफरी मच गई। निरीक्षण के दौरान मौके पर राहुल पिता प्रेमसिंह बागवान निवासी डोडी तथा रतन सिंह पिता दरियाव सिंह मालवीय निवासी केसोपुर को बोरवेल मशीन से खनन करते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। मौके पर किसी प्रकार की वैध अनुमति या प्रशासनिक स्वीकृति प्रस्तुत नहीं की जा सकी।
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कलेक्टर के प्रतिबंधात्मक आदेश की खुली अवहेलना
गर्मी के मौसम और जिले में तेजी से गिरते भू-जल स्तर को देखते हुए जिला कलेक्टर द्वारा पूर्व में ही नए बोरवेल खनन पर प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए गए थे। इसका उद्देश्य जिले के घटते जलस्तर को बचाना और पेयजल संकट को और विकराल होने से रोकना था। इसके बावजूद कुछ लोग निजी स्वार्थ के लिए नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए अवैध खनन करा रहे हैं। प्रशासन इसे गंभीर अपराध मान रहा है, क्योंकि ऐसे अवैध बोरवेल न केवल भू-जल स्तर को तेजी से नीचे धकेलते हैं बल्कि भविष्य में पूरे क्षेत्र को जल संकट की भयावह स्थिति में पहुंचा सकते हैं।

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मौके पर मशीन जब्त, थाने पहुंची ड्रिलिंग यूनिट
एसडीओपी दामोदर गुप्ता ने बताया कि जावर पुलिस ने मौके पर त्वरित कार्रवाई करते हुए अवैध बोरवेल ड्रिलिंग मशीन को तत्काल जब्त कर लिया। मशीन को सुरक्षित अभिरक्षा में जावर थाने में खड़ा करवाया गया है। यह कार्रवाई इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि अवैध बोरवेल खनन के खिलाफ यह जिले की बड़ी और संदेश देने वाली कार्रवाई है। पुलिस की इस सख्ती से बोरवेल माफियाओं में हड़कंप की स्थिति है।

इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
पुलिस ने संबंधित वाहन मालिक और भूमि स्वामी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223(b), 3(5) तथा मध्यप्रदेश पेयजल परिरक्षण अधिनियम की धारा 3/9 के तहत मामला दर्ज किया है। इन धाराओं के तहत दोष सिद्ध होने पर आरोपियों को भारी जुर्माना, कानूनी दंड और अन्य कठोर कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि कहीं इसके पीछे कोई संगठित अवैध बोरवेल गिरोह तो सक्रिय नहीं।
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पुलिस की दो टूक चेतावनी
जावर पुलिस ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि भविष्य में यदि कोई भी व्यक्ति बिना अनुमति बोरवेल खनन करते पाया गया तो उसके खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। केवल मशीन जब्ती ही नहीं, बल्कि एफआईआर, भारी जुर्माना और कानूनी गिरफ्तारी जैसी कठोर कार्रवाई भी की जाएगी। प्रशासन ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि कहीं अवैध बोरवेल खनन की सूचना मिले तो तत्काल पुलिस अथवा प्रशासन को सूचित करें, ताकि जल संरक्षण की इस लड़ाई को मजबूत बनाया जा सके।

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