अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने प्रदर्शन किया
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सीहोर में नगर के अशासकीय सेंट एन्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल प्रबंधन के खिलाफ अखिल विद्यार्थी परिषद ने शुक्रवार को प्रदर्शन किया। इसमें पालकों ने भी शामिल होकर आक्रोश का इजहार किया। स्कूल प्रबंधन पर आरोप है कि उसने स्कूल में अध्यन्नरत बच्चों को बिना तिलक लगाए और कलाई पर बिना कलावा बांधे आने का फरमान जारी किया है।
अपने हिटलरशाही फरमानों के चलते विवादों में बने रहने वाले सेंट एन्स स्कूल प्रबंधन ने एक और तुगलकी फरमान जारी किया है, जिसमें बच्चों को तिलक लगाकर ओर कलावा बांधकर आने पर रोक लगाई गई है। एक दिन पहले भी कई बच्चों के सिर पर लगे तिलक मिटाने के बाद ही बच्चों को क्लास में बैठने दिया गया था तो उनके हाथ के कलावे भी खुलवा दिए थे।
विद्यार्थी परिषद को जब पता चला तो शुक्रवार को परिषद के अनेक कार्यकर्ताओ ने स्कूल में जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान जमकर नारेबाजी भी की गई। स्कूल में हो रहे हंगामे को देखकर स्कूल प्रबंधन के जिम्मेदारो ने मेन गेट बंद कर दिया है तो वो कुछ बोलने से मना कर रहे हैं। स्कूल में हुए हंगामे को देखते हुए वहां पुलिस बल भी पहुंच गया और समझाइश दी गई।
तिलक मिटाकर, खुलाया कलावा...
छात्रों से मिली जानकारी के अनुसार, एक दिन पहले भी कई बच्चों के सिर पर लगे तिलक मिटाने के बाद ही बच्चों को क्लास में बैठने दिया गया था तो उनके हाथ के कलावे भी खुलवा दिए थे। स्कूल के ही एक दूसरे छात्र ने बताया कि वो जब तिलक लगाकर स्कूल पहुंचा तो उसे सिस्टर ने तिलक मिटाकर क्लास में जाने को कहा और ऐसा नहीं करने पर स्कूल से निकालने और लेट टीसी देने की बात कही, जिससे उसे कही दूसरे स्कूल में एडमिशन न मिले। विद्यार्थी परिषद जिला संयोजक शुभम व्यास का कहना है कि यहां पर ईसाइवाद चलाया जा रहा है। वो बच्चों के धर्म के खिलाफ करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे संस्थान को सीहोर शहर में नहीं चलने दिया जाएगा।
प्रॉपर यूनिफॉर्म में आने को कहा...
इस स्कूल की सिस्टर अलका का कहना है कि हमने बच्चों के नारे लगाने से इसलिए मना किया, क्योंकि एग्जाम का टाइम चल रहा है। इसलिए वो ऐसा न करें और जहां तक तिलक न लगाकर आने की बात है। ये बहुत पुराना स्कूल है और हमेशा से बच्चे यहां आ रहे हैं। हमने बस उन्हें प्रॉपर यूनिफॉर्म में आने को कहा है। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी संजय सिंह तोमर का कहना है कि मामला संज्ञान में आया है, जांच की जाएगी।