उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार को धर्मनगरी चित्रकूट पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान श्री कामतानाथ के दर्शन कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और पावन परिक्रमा पूरी की। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की सुख-समृद्धि, शांति, विकास और जनकल्याण की कामना करते हुए भगवान कामतानाथ के चरणों में विशेष प्रार्थना की। मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर चित्रकूट में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे और पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
कामतानाथ भगवान के किए दर्शन और परिक्रमा
चित्रकूट पहुंचने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरे श्रद्धाभाव के साथ भगवान श्री कामतानाथ के दर्शन किए। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद उन्होंने परंपरा के अनुसार भगवान कामतानाथ की पावन परिक्रमा कर प्रदेशवासियों की सुख, शांति, समृद्धि और निरंतर विकास की कामना की।
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वैदिक रीति-रिवाज से हुआ पूजन
मंदिर परिसर में पुजारियों ने वैदिक विधि-विधान के अनुसार मुख्यमंत्री से पूजा-अर्चना कराई। धार्मिक अनुष्ठान के दौरान प्रदेश के कल्याण, खुशहाली और विकास के लिए विशेष प्रार्थना की गई।
सुरक्षा व्यवस्था रही चाक-चौबंद
मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए मंदिर परिसर, परिक्रमा मार्ग और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। बड़ी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती की गई। परिक्रमा मार्ग पर श्रद्धालुओं की आवाजाही और सुरक्षा व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी गई, जिससे पूरा कार्यक्रम व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो सके।
श्रद्धालुओं में दिखा उत्साह
मुख्यमंत्री के चित्रकूट आगमन को लेकर स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर परिसर और परिक्रमा मार्ग पर मौजूद रहे। दर्शन-पूजन के दौरान लोगों ने मुख्यमंत्री का अभिवादन किया और धार्मिक आयोजन को लेकर खुशी जताई।
चित्रकूट का है विशेष धार्मिक महत्व
चित्रकूट सनातन आस्था का प्रमुख तीर्थस्थल माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान श्रीराम ने अपने वनवास का लंबा समय चित्रकूट में बिताया था। भगवान श्री कामतानाथ की परिक्रमा का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है। देशभर से लाखों श्रद्धालु यहां पहुंचकर परिक्रमा करते हैं और अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति की प्रार्थना करते हैं। मुख्यमंत्री का यह दौरा भी इसी आध्यात्मिक परंपरा से जुड़ा रहा।
प्रशासन पहले से था तैयार
मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने पहले से ही व्यापक तैयारियां कर ली थीं। सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, मंदिर प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए विशेष कार्ययोजना लागू की गई। अधिकारियों की मौजूदगी में पूरा कार्यक्रम सफलतापूर्वक और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।