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बंडा जहरीली शराब मामले में अपडेट: मिथाइल अल्कोहल से प्रभावित 17 मरीज को किया डिस्चार्ज, पांच का इलाज जारी

Wed, 16 Sep 2026 04:26 PM IST
सागर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सागर

सार

बंडा जहरीली शराब और मिथाइल अल्कोहल सेवन मामले में 22 मरीजों की आंखों की रोशनी चली गई थी। मिथाइल प्रेडनिसोलोन थेरेपी के बाद 17 मरीजों की हालत में सुधार हुआ और उन्हें अस्पताल से छुट्टी मिल गई। पांच मरीजों का इलाज जारी है। बंडा क्षेत्र में स्वास्थ्य शिविर भी लगाए जा रहे हैं। 
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अस्पताल में भर्ती मरीजों का हाल जानते अधिकारी
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विस्तार
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बंडा जहरीली शराब और मिथाइल अल्कोहल सेवन प्रकरण में स्वास्थ्य विभाग और बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (BMC) की ओर से राहत भरी खबर सामने आई है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. देवेश पटेरिया ने बताया कि 6 सितंबर 2026 को बीएमसी में कुल 102 मरीज भर्ती हुए थे, जिनमें से 75 मरीजों को आंखों से जुड़ी गंभीर परेशानियां थीं।

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चिकित्सकीय जांच के अनुसार, मिथाइल अल्कोहल के सेवन से शरीर में फॉर्मिक एसिड बनता है। इसके प्रभाव से ऑप्टिक नर्व में एक्सोनल इंजरी (सूजन) आ जाती है, जो आमतौर पर 3 से 6 सप्ताह के भीतर सामान्य होती है। शुरुआत में प्रभावित 22 मरीजों की आंखों की रोशनी पूरी तरह से चली गई थी। इन सभी प्रभावित मरीजों को 'मिथाइल प्रेडनिसोलोन थेरेपी' दी गई। इस विशेष चिकित्सा पद्धति के सकारात्मक परिणाम सामने आए और 17 मरीजों की सेहत में तेजी से सुधार होने के बाद उन्हें अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है।

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वर्तमान में शेष 05 मरीजों का इलाज विशेषज्ञों और चिकित्सकों की कड़ी निगरानी में लगातार जारी है। डॉक्टरों के मुताबिक, इन शेष मरीजों के स्वास्थ्य में भी सुधार की पूरी उम्मीद है। उन्होंने बताया कि बंडा विधानसभा क्षेत्र के सभी गांवों में पिछले एक सप्ताह से विशेष स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा रहा है जहां पर सामान्य बीमारियों के परीक्षण तथा इलाज की व्यवस्थाएं की गई है। इन शिविरों में विभिन्न बीमारियों के विशेषज्ञ डॉक्टर्स तैनात किए गए हैं, जो मरीजों का परीक्षण कर इलाज करते हैं। अगर किसी मरीज की स्थिति जिला चिकित्सालय या बुंदेलखंड मेडिकल भेजने की बनती है तो उन्हें वहां रेफर किया जाता है। 

 

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