मध्यप्रदेश के बैतूल जिले में 400 फीट गहरे बोरवेल में गिरे तन्मय साहू को तमाम कोशिशों को बाद भी नहीं बचाया जा सका। शनिवार सुबह बच्चे का शव करीब 84 घंटे के बाद बोरवेल से बाहर निकाला जा सका। बच्चे के शव को निकाले जाने के बाद उसे तत्काल जिला अस्पताल लाया गया, जहां पांच डॉक्टरों की टीम ने उसके शव का पीएम किया, पीएम के बाद शव को परिजनों को सौंप दिया गया है। बच्चे के घर वाले गांव में ही उसका अंतिम संस्कार करना चाहते थे, इसलिए शव लेकर गांव रवाना हो गए। बीते कई घंटों से लोग तन्मय के सकुशल बोर से निकाले जाने की प्रार्थना कर रहे थे, अब उसके निधन से पूरे गांव में मातम पसरा है। आस पास के चार गांव के लोग तन्मय के बचाव कार्य में मदद कर रहे थे, सभी तन्मय के निधन से गमजदा हैं।
सीएम ने व्यक्त किया शोक
आठ वर्षीय तन्मय साहू के निधन पर सीएम शिवराज सिंह चौहान ने शोक व्यक्त किया है और पीड़ित परिवार के लिए चार लाख की आर्थिक सहायता राशि देने की घोषणा की है। मंगलवार शाम को बच्चा अपने दोस्तों के साथ खेलते वक्त पड़ोसी के खुले पड़े बोरवेल में गिर गया था, जिसके एक घंटे बाद ही जिला प्रशासन ने राहत एवं बचाव कार्य प्रारंभ कर उसे बचाने की जंग शुरू कर दी थी, लेकिन बोरवेल में पानी होने और तन्मय की पसली में चोट लगने के कारण उसे बचाया नहीं जा सका। जानकारी के अनुसार बच्चे की मौत काफी घंटे पहले ही हो चुकी थी, क्योंकि उसकी बॉडी ने डिकम्पोज होना शुरू कर दिया था। बैतूल जिला प्रशासन ने बोरवेल में गिरे आठ वर्षीय तन्मय साहू मौत होने की जानकारी दी है।
मांडवी गांव में मंगलवार छह दिसंबर की शाम 4.30 बजे खेलते हुए तन्मय खुले बोर में गिर गया था। बच्चे की गिरने की खबर मिलने के बाद अगले एक घंटे में ही बचाव कार्य शुरू कर दिया गया था। बच्चे को बोर से निकालने के लिए जिला प्रशासन, एसडीईआरएफ और एनडीआरएफ की टीम लगातार खुदाई कर रही थी। तन्मय के पिता सुनील यही कह रहे थे कि मेरा बेटा सकुशल निकल जाए। स्कूल के बच्चे और ग्रामीण भी लगातार प्रार्थना कर रहे थे। तन्मय के दोस्त उसकी सलामती के लिए गायत्री मंत्र का जाप कर रहे थे।