छतरपुर में पुलिस का “बेटी की पेटी” अभियान सवालों के घेरे में आ गया है क्योंकि एक पीड़ित युवती को इंसाफ पाने के लिए कई घंटों से SP ऑफिस के बाहर धरने पर बैठना पड़ा है।
छतरपुर में पुलिस का “बेटी की पेटी” अभियान सवालों के घेरे में आ गया है क्योंकि एक पीड़ित युवती को इंसाफ पाने के लिए कई घंटों से SP ऑफिस के बाहर धरने पर बैठना पड़ा है। जानकारी के अनुसार, यह मामला छतरपुर शहर की सिटी कोतवाली का है। युवती ने एक महीने पहले मनु अरजरिया नामक युवक पर दुष्कर्म का मामला दर्ज कराया था, लेकिन अब तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हुई है। इससे नाराज होकर पीड़िता तेज धूप में SP ऑफिस के बाहर अन्न-जल त्याग कर आमरण अनशन पर बैठ गई है।
मीडिया में खबर आने के बाद ASP विदिता डागर भी युवती को समझाने पहुंचीं और एक घंटे तक जमीन पर बैठकर उससे बात करने की कोशिश की, लेकिन आरोपी की गिरफ्तारी तक युवती धरने से नहीं उठी।
पीड़िता ने बताया कि करीब एक साल पहले उसकी आरोपी से इंस्टाग्राम पर दोस्ती हुई थी। आरोपी ने उसे घर बुलाकर शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। युवती इस मामले को लेकर पहले ही 6 बार प्रशासन को ज्ञापन दे चुकी है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।