प्रधानमंत्री मोदी बेशक पारदर्शी नीतियों की कितनी बातें करते हों लेकिन उनका कार्यालय शायद उनकी नीतियों पर अमल नहीं करना चाहता। मध्यप्रदेश के व्यापंम घोटाले में पीएमओ ने उस आरटीआई का ही जवाब देने से इंकार कर दिया जिसमें इस घोटाले के सीबीआई जांच कराने संबंधी जानकारी मांगी गई थी।
कांग्रेस नेताओं के प्रतिनिधिमंडल ने मार्च महीने में इस संबंध में एक ज्ञापन प्रधानमंत्री मोदी को दिया था जिसके संबंध में अब आरटीआई के तहत जानकारी मांगी थी।
अंग्रेजी अखबार हिंदुस्तान टाइम्स की खबर के अनुसार एक्टिविस्ट अजय दूबे द्वारा 8 जून को दी गई आरटीआई के 24 जून को दिए गए जवाब में पीएमओ के केन्द्रीय जन सूचना अधिकारी बीके रॉय ने बताया कि मांगी गई सूचना नहीं दी जा सकती। दूबे को यह सूचना गत बुधवार को प्राप्त हुई।