मध्य प्रदेश सरकार अब एक नए तरह के राशन कार्ड बनाने जा रही है। इसके तहत गरीब और अति गरीब वृद्घों के लिए गुलाबी रंग के राशन कार्ड बनाए जाएंगे। खाद्य विभाग द्वारा इसकी पूरी तैयारी कर ली गई है।
गुलाबी कार्ड के आधार पर 20 किलो अनाज हर महीने मिलेगा। राज्य सरकार यह व्यवस्था जल्द से जल्द अगले महीने एक जनवरी से शुरू करना चाहती है। इसके लिए 31 दिसंबर तक सभी लाभार्थियों को नए कार्ड पहुंचाने की समय सीमा तय की गई है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वृद्घों की पंचयात में इसकी घोषणा की थी।
उन्होंने कहा था कि ऐसे गरीब परिवार जिनके पालन-पोषण के लिए कोई नहीं है उन्हें सस्ता अनाज दिया जाएगा। ऐसे परिवारों को 2 रूपये किलो गेहूं और 3 रूपये किले चावल दिये जाएंगे। इस घोषणा का पालन करने के चलते ही खाद्य विभाग ने ऐसे परिवारों को गुलाबी कार्ड देने का फैसला किया।
विभाग द्वारा विभिन्न जिलों में चिन्हित किए गए लाभार्थियों की संख्या के आधार पर 67 हजार गुलाबी रंग के राशन कार्ड तैयार कराये जा रहे हैं। मालूम हो कि इस तरह की योजना कांग्रेस सरकार भी ला चुकी है। इसे साल 2002-2003 में 'निराश्रित वृद्घ अन्नपूर्णा' योजना के नाम से शुरू किया गया था। तब यह योजना एक साल भी नहीं चल सकी थी।