मध्यप्रदेश के कटनी जिले में दिल को झंझोर देने वाला मामला सामने आया है। मामले में दस आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। शिकारियों ने ढीमरखेड़ा वन परिक्षेत्र के खमरिया बीट में एक गर्भवती जंगली सुअर का शिकार करते हुए उसका पेट चीर डाला था। उसके गर्भ से निकले बच्चों को बाहर फेंक मांस पकाने के लिए ले जा रहे थे तभी आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था।
हालांकि आरोपियों को छुड़वाने के लिए खमरिया ग्राम पंचायत के सरपंच कमलेश मार्को ग्रामीणों की भीड़ के साथ पहुंचकर वनकर्मियों से मारपीट करते हुए चालान फाड़ डाले और मांस का टुकड़ा के साथ आरोपियों को मौके से भगा दिया।
इस मामले के बारे बताते हुए वनमण्डल अधिकारी गौरव शर्मा ने बताया कि डिप्टी रेंजर अपनी टीम के साथ ढीमरखेड़ा वन परिक्षेत्र के खमरिया बीट के पीएफ 266 से 10 आरोपियों को घेराबंदी करते हुए जंगली सुअर के मांस और कुल्हाड़ी के साथ गिरफ्तार किया था। इन पर वाइल्ड लाइफ एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश करने की कार्रवाई चल रही थी।
इसी दौरान सरपंच कमलेश मार्को ग्रामीणों की भीड़ के साथ पहुंचे और पांच आरोपियों छुड़वाकर ले भागे, जिनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।
वहीं वन कर्मियों से मारपीट करने और शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न करने के मामले कर ढीमरखेड़ा थाने पर एफआईआर दर्ज किया है। आरोपियों ने जिन जंगली सुअर का शिकार करते हुए हत्या की थी। उसके गर्भ में 6 बच्चे पल रहे थे, जिनकी मौत शिकार होने के चलते हो गई। वहीं, आरोपियों को भगाने वाले आरोपी सरपंच के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए जिला पंचायत सीईओ को भी लिखित पत्राचार किया गया है।