मध्य प्रदेश के ग्वालियर स्थित जयारोग्य चिकित्सालय के ट्रामा सेंटर में मंगलवार रात मोतीझील निवासी महबूब खां के पैर चूहों ने कुतर डाले। महबूब को इस बात का एहसास भी नहीं हुआ क्योंकि रीढ़ की हड्डी टूटने की वजह से उसके हाथ पैर सुन्न थे और न ही वो चूहों को भगा पाया।
जब उसकी पत्नी आई तो उसने चूहों को भगाया और फिर अस्पताल स्टाफ ने उसका इलाज किया। महबूब 22 दिन पहले अपने घर पर निर्माणाधीन मकान की तराई कर रहे थे, इस दौरान वो छत से गिर पड़े और उनकी रीढ़ की हड्डियां टूट गईं।
हड्डियों के टूटने की वजह से उसके पैर और हथ सुन्न हो गए थे और कमर से नीचे के हिस्से पर उनका कोई काबू नहीं था। महबूब की पत्नी नगीना ने कहा कि वो कुछ काम के लिए बाहर गई थी।