मंदसौर के शिवना नदी के तट पर स्थित विश्व प्रसिद्ध अष्टमुखी भगवान पशुपतिनाथ महादेव मंदिर में महाशिवरात्रि के अवसर पर भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। प्रातः 4 बजे ब्रह्म मुहूर्त में मंदिर के पट खुलते ही भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। भक्तों ने कतारबद्ध होकर भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन किए और पूजा-अर्चना की।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए। 200 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया, जबकि मंदिर परिसर में लगे 41 सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की गई। शिवना नदी के घाट पर एसडीआरएफ की टीम मोटर बोट के साथ तैनात रही।
विशेष पूजा-अर्चना और श्रृंगार
मंदिर के पुजारियों ने भगवान पशुपतिनाथ की विशालकाय प्रतिमा का पंचामृत अभिषेक किया और मंगला आरती के बाद विशेष अर्धनारीश्वर श्रृंगार किया। भगवान के मस्तक पर पगड़ी धारण करवाई गई और गर्भगृह को फूलों से सजाया गया, जिससे मंदिर की अलौकिक छटा देखने लायक थी।
प्रसाद वितरण और विद्युत सज्जा
महाशिवरात्रि पर 11 क्विंटल खीर और 51 क्विंटल खिचड़ी का प्रसाद भक्तों में वितरित किया गया। वहीं, मंदिर पर की गई आकर्षक विद्युत सज्जा ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।
जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति
मंदसौर के सांसद सुधीर गुप्ता, विधायक विपिन जैन, चन्द्रसिंह सिसोदिया और अन्य जनप्रतिनिधियों ने भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन किए।
विशेष आरती और अभिषेक
पशुपतिनाथ मंदिर के पुजारी राकेश व्यास के अनुसार, महाशिवरात्रि की रात को चारों पहर में विशेष अभिषेक और आरती की जाएगी। पट गुरुवार दोपहर 1 बजे भगवान के शयनकाल में बंद होंगे।
इस महाशिवरात्रि पर लगभग 50 हजार भक्तों ने भगवान पशुपतिनाथ के दर्शन किए, जिससे मंदिर परिसर भक्ति और आस्था से सराबोर हो गया।
भगवान पशुपतिनाथ का किया गया अर्धनारीश्वर श्रृंगार
भगवान पशुपतिनाथ का किया गया अर्धनारीश्वर श्रृंगार