मध्य प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव सदस्य मनोज कुमार सिंह ने बताया कि उच्च न्यायालय, जिला न्यायालय व तालुक न्यायालय, कुटुम्ब न्यायालय सहित अन्य न्यायालय में शनिवार को नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया था। सम्पूर्ण मध्य प्रदेश में सुनवाई के लिए 1350 खंडपीठों को गठन किया गया है। नेशनल लोक अदालत में न्यायालय में लंबित 1 लाख 57 हजार प्रकरण तथा प्री-लिटिकेशन के लगभग 3 लाख 22 हजार प्रकरण प्रस्तुत किए गए थे।
प्राधिकरण के सचिव सदस्य राजीव कर्महे ने बताया कि शाम 6 बजे तक प्राप्त आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में आपसी समझौते के तहत 70 हजार 111 प्रकरणों का निराकरण हुआ है। अभी पूरे आंकड़े प्राप्त नहीं हुए हैं और इसमें इजाफा होने की संभावना है। प्री-लिटिगेशन के निराकृत हुई 42100 प्रकरणों में 30 करोड़ 60 लाख से अधिक की राशि का अवॉर्ड पारित किया गया है। न्यायालय में लंबित 28 हजार से अधिक प्रकरणों को निराकरण किया गया है। जिसमे 2 अरब 32 करोड़ 92 लाख रुपये से अधिक का अवॉर्ड पारित किया गया है। नेशनल लोक अदालत में 2 अरब 32 करोड़ 92 लाख से अधिक का अवॉर्ड पारित किया गया है।