खरगोन जिला जेल से शुक्रवार को बाथरूम की दीवार फांदकर फरार हुए कैदी अरुण गणेश धुर्वे को पुलिस ने चार दिन बाद मंगलवार को भसनेर के जंगलों से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। वह पुलिस से बचने के लिए तोरणमाल बांध के पास घने जंगलों में लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था।
कोतवाली पुलिस, जैतापुर, मेनगांव थाना और पुलिस लाइन की रिजर्व टीमों ने कैदी की तलाश में सघन अभियान चलाया। पुलिस टीमों ने सेंधवा और नेपानगर के इलाकों में भी दबिश दी। खेतों में खड़ी फसलों और घने जंगलों के कारण आरोपी को तलाशने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कोतवाली थाना प्रभारी बीएल मंडलोई के अनुसार सटीक सूचना मिलने पर पुलिस ने कुंदा क्षेत्र के तोरणमाल बांध के पास भसनेर के जंगलों में दबिश देकर आरोपी को धर दबोचा।
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दुष्कर्म मामले में मिली थी सजा
खरगोन के इंदिरा नगर निवासी आरोपी अरुण धुर्वे को अदालत ने सात अक्तूबर को वर्ष 2022 के दुष्कर्म के एक मामले में दोषी ठहराते हुए 20 साल की सजा सुनाई थी। इसके बाद से वह जिला जेल में बंद था। बीते शुक्रवार की शाम वह जेल प्रहरियों को चकमा देकर बाथरूम की दीवार फांदकर भाग गया था।
लापरवाही पर दो प्रहरी निलंबित
जेल से कैदी के भागने की इस घटना के बाद जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। मामले में घोर लापरवाही बरतने पर जेल प्रबंधन ने दो जेल प्रहरियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इसके अलावा जेल प्रबंधन ने एक अन्य प्रहरी को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। पुलिस अब आरोपी को वापस हिरासत में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।