मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कमलनाथ ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने कहा है कि, 'भारत के संघीय व्यवस्था पर निरंतर प्रहार किया जा रहा है। जिन प्रांतों में केंद्र सरकार से प्रतिपक्षीय सरकारें हैं, उन्हें अनैतिक तरीके से गिराया जा रहा है।' इसके अलावा भी कमलनाथ ने पत्र में कई बातों का जिक्र किया है। आइए एक नजर डालते हैं पत्र के कुछ महत्वपूर्ण बातों परः-
- भारत की संघीय व्यवस्था के कारण ही संपूर्ण विश्व में हमारे प्रजातंत्र की पहचान है, लेकिन विगत कुछ समय से बाबा साहब की भावनाओं को आहत करते हुए भारत की संघीय व्यवस्था पर प्रहार किया जा रहा है।
- जिन प्रांतों में केंद्र की सरकार से प्रतिपक्षीय सरकारें हैं, उन्हें अनैतिक तरीके से गिराया जा रहा है।
- मध्यप्रदेश की निर्वाचित सरकार को गिराना भारत के भारत के प्रजातांत्रिक इतिहास में सबसे घृणित कृत्यों में से एक है।
- मध्यप्रदेश में अभी भी भाजपा द्वारा प्रतिपक्षीय विधायकों को प्रलोभित करके उनके इस्तीफे कराकर भाजपा में शामिल कराया जा रहा है।
- मेरी चिंता सिर्फ प्रदेश में कांग्रेस की सरकार गिरने तक सीमित नहीं है बल्कि आज देश की प्रजातांत्रिक व्यवस्था में एक भूचाल आया हुआ है।
बता दें कि इससे पहले राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी प्रधानमंत्री जी को मैंने पत्र लिखा था, 'प्रिय श्री प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी, मैं आपका ध्यान राज्यों में चुनी हुई सरकारों को लोकतांत्रिक मर्यादाओं के विपरीत हॉर्स ट्रेडिंग के माध्यम से गिराने के लिए किये जा रहे कुत्सित प्रयासों की ओर आकृष्ट करना चाहूंगा।'