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बल्ला मैच की जीत का प्रतीक होना चाहिए, प्रजातंत्र की हार का नहीं: कमलनाथ

Sat, 29 Jun 2019 12:38 PM IST
Sneha Baluni न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
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कमलनाथ (फाइल फोटो) - फोटो : Facebook
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मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कैलाश विजयवर्गीय के बेटे आकाश विजयवर्गीय का नाम लिए बिना राज्य के युवा राजनेताओं को संयमित रहने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि बल्ला मैच की जीत का प्रतीक होना चाहिए लोकतंत्र की हार का नहीं। युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने एक ब्लॉग लिखा है। जिसमें उन्होंने लिखा, 'हिंदुस्तान की दो बड़ी खूबियां हैं। एक तो यह विश्व का सबसे बड़ा प्रजातंत्र है और दूसरा विश्व में सर्वाधिक युवा देश। ऐसे में स्वाभाविक है कि चुने हुए युवा जन-प्रतिनिधियों से देश को अपेक्षाएं भी अधिक होंगी, और हो भी क्यों न, हमारे पास अपने प्रजातंत्र की गौरवशाली विरासत जो है।'

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कमलनाथ ने अप्रत्यक्ष तौर पर आकाश को नसीहत देते हुए कहा, 'पंडित नेहरू कहते थे, ‘भारतीय प्रजातंत्र का जो छायादार वटवृक्ष आज हमें दिखाई देता है, इसके त्याग और बलिदान का बीज बहुत गहरा बोया गया है और आज समूचे विश्व के लिए यह प्रेरणादायी है। संस्कारवान युवा ही देश का भविष्य संवारेगा।’ आज हमारे चुने हुए युवा जनप्रतिनिधियों को आत्ममंथन-आत्मचिंतन करना चाहिए कि वो किस रास्ते पर भारत के भविष्य को ले जाना चाहते हैं। एक रास्ता प्रजातंत्र की गौरवशाली विरासत की उम्मीदों को पूरा करने वाला है, और दूसरा उन्मादी। दोस्तों, उन्मादी व्यवहार सस्ता प्रचार तो दे सकता है, प्रजातंत्र को परिपक्वता नहीं दे सकता।'

उन्होंने आगे कहा कि आज समूचे विश्व को हमारे बल्ले की चमक देखने को मिल रही है। हमारी क्रिकेट टीम लगातार जीत हासिल कर रही है और हमें पूरी उम्मीद है कि हम विश्व कप में अपना परचम लहराएंगे। मगर बल्ले की यह जीत बगैर मेहनत के हासिल नहीं की जा सकती।
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मुख्यमंत्री ने कहा, 'यह बात मैं सीमित और संकुचित दायरे में रह कर नहीं कह रहा हूं। सभी दल के युवा साथियों से मेरा यह अनुरोध है। मुख्यमंत्री होने के नाते मेरा दायित्व भी है कि मैं अपने नौजवान और होनहार साथियों के साथ विमर्श करता रहूं। युवा जनप्रतिनिधि साथियों, बल्ले को मैदान में भारत की जीत का प्रतीक बनाइए, सड़कों पर प्रजातंत्र की हार का नहीं।'

बता दें कि जर्जर भवन ढहाने की मुहिम के दौरान विवाद के बाद भाजपा विधायक आकाश विजयवर्गीय ने बुधवार को इंदौर में नगर निगम के एक भवन निरीक्षक को कथित तौर पर क्रिकेट के बैट से पीट दिया था। 34 साल के आकाश भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के बेटे हैं और नवंबर 2018 के विधानसभा चुनाव में इंदौर-3 विधानसभा सीट से जीतकर पहली बार विधायक बने हैं।
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