छतरपुर जिले की बमनोरा कला मत्स्योद्योग सहकारी समिति का चुनाव अंतिम दौर पर रोके जाने के मामले को मप्र हाईकोर्ट ने गंभीरता से लिया। जस्टिस नंदिता दुबे की एकलपीठ ने मामले में मध्य प्रदेश राज्य सहकारी निर्वाचन प्राधिकरण को नोटिस जारी कर जवाब पेश करने के निर्देश दिए हैं।
यह मामला बमनोरा कला मत्स्योद्योग सहकारी समिति की सदस्य तीजा बाई रैकवार की ओर से दायर किया गया है। इसमें कहा गया कि मध्य प्रदेश राज्य सहकारी चुनाव प्राधिकारी भोपाल द्वारा 2 दिसंबर 2021 को नोटिफिकेशन जारी किया था कि उक्त सहकारी समिति का चुनाव किया जाए। जिसके तहत जगदीश गुप्ता को चुनाव अधिकारी नियुक्त किया गया था। नोटिफिकेशन के अनुसार समिति के सदस्यों और अध्यक्ष पद के लिए चुनाव प्रक्रिया प्रारंभ की गई और समिति के 10 सदस्यों का चुनाव हो जाने के बाद 29 दिसंबर 2021 को समिति के अध्यक्ष पद का चुनाव होना था। लेकिन समिति के सचिव रतिराम द्वारा मध्य प्रदेश राज्य सहकारी चुनाव प्राधिकारी भोपाल को चुनाव में अनियमितता के संबंध में अभ्यावेदन दिया गया था। जिस अभ्यावेदन को आधार बनाकर अपर सचिव, सहकारिता विभाग भोपाल ने मत्स्योद्योग सहकारी समिति बमनोरा कला के चुनाव पर रोक लगा दी थी। जिस पर यह मामला दायर किया गया है।
आवेदक की ओर से कहा गया कि अपर सचिव सहकारिता विभाग को समिति के निर्वाचन पर रोक लगाने का अधिकार नहीं है और एक बार चुनाव कार्यक्रम प्रारम्भ हो जाने पर किसी भी प्रकार से समिति के चुनाव पर रोक नहीं लगाई जा सकती है। अधिवक्ता रत्न भारत तिवारी के तर्कों से सहमत होते हुए न्यायालय ने अनावेदकों को नोटिस जारी कर जवाब पेश करने के निर्देश दिए हैं।