इंदौर के संयोगितागंज थाना क्षेत्र स्थित मनोरमागंज में रहने वाली डाक विभाग की सहायक डाक अधिकारी उर्मिला सैनी की हत्या का मामला लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। इस मामले में हत्या के आरोपी पति अखिलेश सैनी का शव विदिशा जिले के गंजबासौदा में रेलवे ट्रैक के पास मिला है। हालांकि, मृतका की बेटी प्रेक्षा सैनी ने शव की पहचान को लेकर संदेह जताया है।
प्रेक्षा का कहना है कि उनके पिता अखिलेश सैनी के सिर पर एक विशेष निशान था। जब तक वह सिर देखकर उसकी पुष्टि नहीं कर लेतीं, तब तक उन्हें विश्वास नहीं होगा कि उनकी मां की हत्या करने वाले उनके पिता की मौत हो चुकी है। इसी कारण विदिशा पुलिस सिर की तलाश में जुटी हुई है।
वहीं, रेलवे ट्रैक पर मिले शव की पहचान अखिलेश सैनी के रूप में सुनिश्चित करने के लिए विदिशा पुलिस ने उनके परिजनों के डीएनए सैंपल भी लिए हैं। डीएनए रिपोर्ट आने के बाद ही शव की अंतिम पहचान हो सकेगी।
पढे़ं; एमपी में UCC बिल पास: सीएम यादव बोले- 'अलग-अलग मजहबी तौल कांटा नहीं चलेगा', सदन में जमकर हुआ हंगामा
इधर, संयोगितागंज पुलिस भी पूरे मामले की जांच जारी रखे हुए है। गौरतलब है कि मृतका की बेटी प्रेक्षा सैनी ने पहले अपने पिता पर गंभीर आरोप लगाए थे। उनका कहना था कि अखिलेश सैनी छोटी-छोटी बातों पर उनकी मां उर्मिला सैनी से विवाद और मारपीट करता था। वह हमेशा पत्नी के चरित्र पर संदेह करता था और यह आरोप लगाता था कि उनका किसी अन्य व्यक्ति से संबंध है।
प्रेक्षा के अनुसार, अखिलेश सैनी अक्सर उर्मिला सैनी का मोबाइल फोन चेक करता था और जिन नंबरों पर उनकी बातचीत होती थी, उन लोगों को फोन कर पूछताछ भी करता था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। बेटी का आरोप है कि इसी विवाद के चलते अखिलेश सैनी ने उनकी मां की हत्या कर दी।
फिलहाल, जब तक डीएनए जांच की रिपोर्ट नहीं आ जाती, शव की पहचान की पुष्टि नहीं हो जाती और लापता सिर बरामद नहीं हो जाता, तब तक संयोगितागंज और विदिशा पुलिस अपने-अपने स्तर पर मामले की जांच जारी रखे हुए हैं।