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Indore: पकड़े न जाए, इसलिए टेबलेट और इंजेक्शन की पैकिंग में तैयार होने लगा नशा

Tue, 15 Oct 2024 07:22 PM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर

सार

अफसरों को पता चला है कि इन फैक्ट्ररियों में तैयार एमडी ड्रग पुणे, दिल्ली, मुबंई, जैसे बड़े शहरों की रेव व बड़ी पार्टियों में महंगे दामों में बिकती है। इस कारोबार से जुड़े कुछ लोगों की आने वाले दिनों में और भी गिरफ्तारी हो सकती है।
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भोपाल की फैक्ट्री में बन रही थी एमडी ड्रग। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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एमडी ड्रग बनाने वाली दो फैक्ट्रियों में करोड़ रुपये का नशा पकड़े जाने के बाद मध्य प्रदेश में नशे का कारोबार संगठित गिरोह की तरह होने का पता चला है। औद्योगिक क्षेत्रों में इसका निर्माण होता है और बाकायदा सप्लाई चेन के जरिए अवैध नशा बाजार में बिकने पहुंच जाता है। भोपाल के बाद मेघनगर में भी एक फैक्ट्री में डेढ़ सौ करोड़ से ज्यादा की एमडी ड्रग केंद्रीय एजेसियों ने पकड़ी। वहां भी फार्मा फैक्ट्री की आड़ में यह काम होता था।

 

नशे के इस कारोबार की भनक न लगे,इसलिए मेघनगर फार्मा नामक फैक्ट्री में रात के समय इसका निर्माण किया जाता था। इसे दवाई की तरह पैक किया जाता था, ताकि इसकी बिक्री के दौरान शक न हो। एजेसियां ड्रग बनाने वाले आरोपियों से पूछताछ में इसकी सप्लाई चेन का पता लगाने में जुटी है।

दवा कारोबार से जुड़े कई लोग मुनाफे के चक्कर में इस कारोबार से भी जुड़े हुए है। अफसरों को पता चला है कि इन फैक्ट्ररियों में तैयार एमडी ड्रग पुणे, दिल्ली, मुबंई, जैसे बड़े शहरों की रेव व बड़ी पार्टियों में महंगे दामों में बिकती है। इस कारोबार से जुड़े कुछ लोगों की आने वाले दिनों में और भी गिरफ्तारी हो सकती है।

 

केमिकल सप्लाई करने वाला रडार पर

भोपाल में पकड़ी गई 18 सौ करोड़ की फैक्ट्री में एमडी ड्रग के लिए इंदौर के पूर्वी रिंग रोड के एक ट्रेडर्स से कच्चा माल सप्लाई होता था। उसका व्यापारी भी एजेसियों के रडार पर है। अफसर यह पता लगाने में जुटे है कि वह और कहां-कहां कच्चा माल सप्लाई करता था।

 

नशे को लेकर मुश्किल में सरकार

एमडी ड्रग की दो फैक्ट्री मध्य प्रदेश में पकड़े जाने और एक आरोपी की उपमुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा के साथ तस्वीरें वायरल होने के बाद कांग्रेस ने प्रदेश सरकार को घेर रखा है, लेकिन मोहन सरकार के कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भी नशे के मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाकर चौका दिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री मोहन यादव के सामने ही सार्वजनिक रुप से इंदौर में राजस्थान के प्रतापगढ़ से नशा आने का खुलासा कर दिया। मुख्यमंत्री को भी मंच से कहना पड़ा कि अफसरों को पूरी छूट है, वे सख्त एक्शन लें।

 

 

 

 

 

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