इंदौर के ऐतिहासिक लालबाग पैलेस का दरबार हॉल नए रूप में पर्यटकों के सामने आने के लिए तैयार है। करीब दो महीने तक चले संरक्षण और सौंदर्यीकरण कार्य के बाद अगले हफ्ते से इसे पर्यटकों के लिए खोल दिया जाएगा। फिलहाल काम के चलते दरबार हॉल को पर्यटकों के लिए बंद रखा गया था।
आईजीएनसीए ने संभाली संरक्षण की जिम्मेदारी
लालबाग पैलेस के भीतर संरक्षण और फिनिशिंग का कार्य दिल्ली की इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र (आईजीएनसीए) के विशेषज्ञों द्वारा किया गया। पुराने एंटीक्स के संरक्षण के साथ दरबार हॉल के मूल स्वरूप को बनाए रखते हुए सुधार कार्य किए गए। नवंबर में फिनिशिंग और मरम्मत कार्य के चलते इसे बंद किया गया था।
पुराने वैभव के साथ लौट रही शाही चमक
प्राकृतिक रंगों से हुआ पुनरुद्धार
लालबाग के निर्माण के समय जिन रंगों का उपयोग किया गया था, उन्हीं रंगों को विशेषज्ञों की मौजूदगी में दोबारा लगाया गया है। इसका उद्देश्य लालबाग के ऐतिहासिक और शाही वैभव को यथावत बनाए रखना है, ताकि पर्यटक उसी पुराने दौर की भव्यता का अनुभव कर सकें।
सेंट्रल म्यूजियम का भी हो रहा विकास
लालबाग परिसर स्थित सेंट्रल म्यूजियम में भी विकास कार्य जारी हैं। सिंहस्थ से पहले यहां कई सुविधाओं का विस्तार किया जाना है। बाउंड्रीवाल का करीब 80 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। शेष कार्य स्टोन लगने और पॉलिशिंग के बाद पूरा किया जाएगा। आज कुछ हिस्सों से प्राचीन मूर्तियों को शिफ्ट किया जाएगा, जिसके बाद कैफेटेरिया, नए टिकट काउंटर और क्लॉक रूम का निर्माण कार्य शुरू होगा।
आउटर गार्डन और कन्वेंशन सेंटर पर काम जारी
लालबाग के बाहरी हिस्से और कन्वेंशन सेंटर का कार्य बीते वर्ष जून से मध्यप्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम द्वारा किया जा रहा है। यह कार्य सिंहस्थ से पहले पूरा किया जाना है। यहां आउटर गार्डन, फव्वारे, देवी अहिल्याबाई सेंटर फॉर सेल्फ डिफेंस, साइकिलिंग और वॉकिंग ट्रैक विकसित किए जाएंगे। इसके साथ ही पर्यटकों की रुचि बढ़ाने के लिए ओपन थिएटर का प्रस्ताव भी है।
दरबार हॉल की ऐतिहासिक विशेषताएं