इंदौर के ईदगाह मैदान पर सुबह विशेष नमाज अदा की। शहर काजी इशरत अली ने ईद पर अमन, चैन और भाईचारे के लिए दुआ मांगी। उन्होंने कहा कि समाज के युवा नशे से दूर रहे। नशे के खिलाफ अभियान शुरू होना चाहिए। नशे के कारोबार से जुड़े लोगों को सबक सीखाना चाहिए।
रमजान माह समाप्त होने के बाद इंदौर में सोमवार को ईद धूमधाम से मनाई गई। रविवार रात को ही मुस्लिम बहुल क्षेत्रों में त्यौहार की रौनक नजर आने लगी थी। मस्जिदें रोशनी से नहाई हुई थी और मुस्लिम लोग दुकानों में कपड़े, जूते, सैवईयां खरीदते नजर आए। सोमवार सुबह मस्जिदों व ईदगाहों में ईद की विशेष नमाज अदा हुई।
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रविवार शाम को चांद नजर आने के बाद शहर काजी डाॅ. इशरत अली ने सोमवार को ईद मनाने की घोषणा की। सोमवार को लोग नए परिधानों में ईदगाहों में नमाज पढ़ने पहुंचे। इसके बाद गले मिलकर एक-दूसरे को बधाईयां दी गई। मुख्य नमाज सदर बाजार ईदगाह में पढ़ी गई।
इंदौर के ईदगाह मैदान पर सुबह विशेष नमाज अदा की। शहर काजी डॉ. इशरत अली ने ईद पर अमन, चैन और भाईचारे के लिए दुआ मांगी। उन्होंने कहा कि समाज के युवा नशे से दूर रहें, इससे उनका भविष्य तबाह हो रहा है। नशे के खिलाफ अभियान शुरू होना चाहिए। जो लोग नशे के कारोबार से जुड़े हैं। उन्हें प्रशासन को कड़ा सबक सिखाना चाहिए। शहर काजी ने बच्चों को भी मोबाइल से दूर रखने के लिए कहा। इसके अलावा उन्होंने कहा कि शहर सात बार से सफाई में नंबर वन है। समाजजन अपने-अपने इलाकों में सफाई का विशेष ध्यान रखे।
देर रात तक खुली रही दुकानें
इंदौर में सोमवार को ईद मनाए जाने की घोषणा के बाद रविवार देर रात तक राजवाड़ा, जवाहर मार्ग, एमजी रोड, क्लाथ मार्केट सहित अन्य दुकानें खुली रही। बंबई बाजार, खजराना, चंदन नगर, जूना रिसाला सहित शहर के अन्य मुस्लिमबाहुल्य क्षेत्र रोशनी और पकवानों की खुशबू से गुलजार थे। लोगों ने देर रात तक कपड़े, जूते, इत्र, सजावटी सामानों की खरीददारी की।