नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा एक महिला पार्षद के बॉडी शेप को लेकर की गई टिप्पणी राजनीतिक चर्चा का विषय बन गई है। कांग्रेस ने इसे महिलाओं का अपमान बताते हुए मंत्री को आड़े हाथों लिया है।
मामला चर्चा में आने के बाद मंत्री की तरफ से कोई दूसरा बयान नहीं आया है, लेकिन भाजपा नेताओं का कहना है कि कांग्रेस बेवजह मामले को तूल दे रही है। मंत्री विजयवर्गीय ने सहज रूप से मंच से बात की थी, जिसे तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है।
दरअसल, मंत्री विजयवर्गीय भागीरथपुरा क्षेत्र के एक वार्ड में विकास कार्यों के लोकार्पण समारोह में शामिल होने गए थे। वे मंच पर संबोधित करने के लिए उठे और मंच पर बैठे नेता व कार्यकर्ताओं के नाम पुकारने लगे। इस बीच उन्हें मंच पर बैठे महेंद्र नामक कार्यकर्ता नजर आए। तो उन्होंने कहा कि मुझे महेंद्र दिखे ही नहीं। फिर उन्होंने महिला पार्षद का नाम लेते हुए कहा कि उनकी चौड़ाई बढ़ गई है। इसके बाद वे मंच से कुछ देर के लिए हंसे। बाद में उन्होंने मंच से अपना संबोधन पूरा किया और कार्यक्रम से रवाना हो गए।
पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने कहा कि भाजपा की कथनी और करनी का अंतर पार्टी के नेताओं की बातों से समझा जा सकता है। मंत्री विजयवर्गीय को इस तरह मंच से सार्वजनिक तौर पर महिला पार्षद को लेकर निजी टिप्पणी करना शोभा नहीं देता है। भाजपा महिलाओं के सम्मान को लेकर बड़ी-बड़ी बातें करती है, लेकिन उनके मंत्री महिला पार्षद के शरीर पर टिप्पणी करते हैं।
वर्मा ने कहा कि मंत्री ने हास-परिहास में यह बात सहज रूप से कहीं, भले ही उनका आशय गलत नहीं होगा। वे पहले राहुल गांधी और उनकी बहन प्रियंका गांधी को लेकर भी टिप्पणी कर चुके हैं।