इंदौर में गणेशोत्सव की धूम सोमवार से शुरू होगी। वर्षों से इंदौर में सार्वजनिक गणेश स्थापना की परंपरा है। शहर के पुराने मोहल्लों से लेकर नई टाउनशिपों में दस दिन के लिए शुभ मुहूर्त में गणेश स्थापना होगी।
इंदौर में छह सौ से ज्यादा स्थानों पर गणेश पंडाल बने हैं, जहां दस दिन विभिन्न आयोजन भी होंगे, जबकि शहर के गणेश मंदिरों में दस दिनों तक विशेष पूजा और अनुष्ठान होंगे। शहर के कुछ गणेश मंदिर मुगलकाल और मराठाकाल के हैं। भक्तों की सबसे बड़ी आस्था का केंद्र खजराना गणेश है। सात करोड़ के आभूषणों से उनका शृंगार किया गया है। इस बार दस दिन के बजाय मंदिर में 12 दिन गणेश स्थापना होगी।
रविवार रात से ही खजराना गणेश का शृंगार शुरू हो गया था। मंदिर को सूरजमुखी के फूलों से सजाया गया। सोमवार सुबह से ही मंदिर में भक्तों की भीड़ जुटने लगी थी। दर्शन के लिए भी मंदिर में विशेष व्यवस्था की गई है। सुबह से लेकर रात तक मंदिर में भक्तों का तांता लगा रहेगा।
फोन पर अर्जी सुनेंगे जूना गणेश
जूनी इंदौर के जूना गणेश मंदिर की ख्याति भी दूर-दूर तक फैली है। पहले गणेश जी को भक्त चिट्ठियां लिखकर मनोकामना करते थे। मान्यता है कि ऐसा करने से मनोकामना पूरी होती थी। बदलते दौर में अब गणेश जी फोन पर भक्तों की बात सुनते हैं। भक्त पुजारी को कॉल करते हैं और वे स्पीकर पर फोन गणेश प्रतिमा के पास ले जाते हैं।