इंदौर में चल रहे लिट चौक फेस्टिवल के दूसरे दिन वरिष्ठ पत्रकार सुमित अवस्थी शामिल हुए। उन्होंने अपनr जिंदगी से जुड़े किस्से साझा किए। सुमित ने पत्रकारिता से जुड़े सवालों के बेबाकी से जवाब दिए। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया के दौर में अब पत्रकारिता में कुछ भी ऑफ रिकॉर्ड नहीं होता। जो कैमरे और मोबाइल में रिकॉर्ड होगा, वो सामने आएगा।
सहजता अब कम हो गई है। अब नेता खुद पत्रकार हो गए हैं। अब बातें छुपाई जाती हैं, जिसे खोजना आसान नहीं होता। पत्रकारिता के इस दौर में ईमानदार पत्रकारिता को पीछे धकेल दिया। सुमित ने कहा कि सोशल मीडिया में खबरों का फिल्टर खत्म हो गया। इससे फेंक न्यूज का दौर भी शुरू हो गया है।
इंदौर की मिट्टी में अपनेपन की महक
सुमित ने कहा कि इंदौर में लगाव, अपनेपन की मिट्टी की सौंधी महक है। हर जगह मित्रता घुली है। मेरी पढ़ाई इंदौर में हुई। यहां का अपनापन मेरे जीवन में भी कायम रहेगा।
क्रिकेट के लिए बंक की क्लास
सुमित ने अपने छात्र जीवन की शरारतों के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि मुझे क्रिकेट का बड़ा शौक है। एक महत्वपूर्ण मैच के दिन में स्कूल नहीं जाना चाहता था, लेकिन मम्मी ने स्कूल भेज दिया, लेकिन मैंने क्लास बंक कर दी और कोठारी मार्केट के एक टीवी शोरूम के बाहर खड़े होकर भारतीय टीम की बल्लेबाजी देखी। ऑफिस जाते समय पिता ने देख लिया था। बचा मैच देखने मैं घर गया, लेकिन उस दिन मुझे खाना नहीं मिला।
अभिनेता अमित सियाल
फिल्म अभिनेता अमित सियाल बोले, अब दर्शक समझदार हो गया
फिल्म अभिनेता अमित सियाल ने कहा कि एआई के इस दौर में आने वाले पांच सालों में फिल्मों में भी बदलाव आएगा। लेकिन अब दर्शक समझदार हो चुका है। अब अच्छी स्टोरी, कंटेंट भी मायने रखता है। अमित ने कहा कि एक्टिंग एक आर्ट फॉम है। इसमें शॉटकट नहीं होता। आप अच्छा काम करेंगे तो सफलता और पैसा दोनों मिल सकता है। अमित ने एक सवाल के जवाब में कहा कि मध्यप्रदेश में अब काफी फिल्में शूट होने लगी हैं। अब मध्यप्रदेश में एक फिल्म इंडस्ट्री होना चाहिए, ताकि एक इको सिस्टम बन सके और लोगों को रोजगार मिले।