मप्र के विकास पर उद्योपतियों ने की चर्चा।
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
मध्य प्रदेश अपनी रणनीतिक भौगोलिक स्थिति, बेहतर होते बुनियादी ढांचे, विविधतापूर्ण अर्थव्यवस्था और निवेश के अनुकूल माहौल के चलते भारत के सबसे संभावनाशील विकास केंद्रों में से एक के रूप में उभर रहा है। सिंहस्थ के साथ ही मप्र में निवेश और रोजगार का नया दौर आएगा। देशभर के प्रमुख उद्योगपतियों ने यह बात सीआईआई द्वारा आयोजित कार्यक्रम में कही। सीआईआई के पश्चिमी क्षेत्र के चेयरमैन वीर एस. आडवाणी ने कहा कि मध्य प्रदेश विनिर्माण, लॉजिस्टिक्स, नवीकरणीय ऊर्जा, खाद्य प्रसंस्करण, प्रौद्योगिकी और अन्य उभरते क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करने के लिए बेहतर स्थिति में है। प्रतिस्पर्धात्मकता, नवाचार और सतत विकास के महत्व पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि विकास, रोजगार सृजन और आर्थिक परिवर्तन को गति देने वाला भविष्य के लिए तैयार इकोसिस्टम विकसित करने हेतु उद्योग, सरकार और संस्थानों को मिलकर काम करना होगा।
भविष्य की प्रतिस्पर्धात्मकता के लिए मजबूत औद्योगिक इकोसिस्टम का निर्माण
सीआईआई पश्चिमी क्षेत्र के डिप्टी चेयरमैन मिलोन के. नाग ने मजबूत औद्योगिक इकोसिस्टम विकसित करने के लिए सुदृढ़ आपूर्ति शृंखलाओं, प्रौद्योगिकी अपनाने और प्रतिभा विकास को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि उत्पादकता और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाने के लिए डिजिटल परिवर्तन में तेजी लाना, इंडस्ट्री 4.0 को अपनाना तथा सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों को घरेलू और वैश्विक मूल्य शृंखलाओं से अधिक गहराई से जोड़ना महत्वपूर्ण होगा। उन्होंने यह भी कहा कि उद्योग और सरकार के बीच सहयोगात्मक प्रयास राज्य की विकास गति को बनाए रखने में अहम भूमिका निभाएंगे।
उद्योग-आधारित विकास को आगे बढ़ा रहा सीआईआई मध्य प्रदेश
सीआईआई मध्य प्रदेश के चेयरमैन सिद्धार्थ चतुर्वेदी ने उद्योग और सरकार के बीच बेहतर समन्वय तथा विभिन्न हितधारकों के सहयोग के माध्यम से मध्य प्रदेश के विकास एजेंडे को समर्थन देने की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने निवेश प्रोत्साहन, एमएसएमई विकास, कौशल विकास, नीतिगत सुझाव, उद्योग-अकादमिक जगत के बीच सहयोग और व्यवसायों को सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराने के क्षेत्र में सीआईआई मध्य प्रदेश की पहलों को रेखांकित किया। इन प्रयासों का उद्देश्य औद्योगिक प्रतिस्पर्धात्मकता को मजबूत करना, उद्यमिता को प्रोत्साहित करना और पूरे राज्य में समावेशी विकास को बढ़ावा देना है।
विभिन्न क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव ला रहे सीआईआई के उत्कृष्टता केंद्र
सीआईआई के उत्कृष्टता केंद्रों का व्यापक नेटवर्क विनिर्माण उत्कृष्टता, सतत विकास, नवाचार, लॉजिस्टिक्स, कृषि और कौशल विकास जैसे क्षेत्रों में विशेष पहलों के माध्यम से उद्योगों और समुदायों को सहयोग प्रदान कर रहा है। मध्य प्रदेश में, खाद्य एवं कृषि उत्कृष्टता केंद्र के सहयोग से विदिशा स्थित कृषि विज्ञान केंद्र जैसी पहलें कृषि उत्पादकता में सुधार लाने और सतत ग्रामीण विकास को प्रोत्साहित करने में योगदान दे रही हैं। अपने उत्कृष्टता केंद्रों के माध्यम से सीआईआई उद्योग और समाज तक वैश्विक सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों, ज्ञान साझेदारियों और क्षमता निर्माण से जुड़ा सहयोग पहुंचा रहा है। संगठन ने सरकार, उद्योग, अकादमिक जगत और नागरिक समाज के साथ साझेदारी को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई, ताकि मध्य प्रदेश को एक प्रतिस्पर्धी, नवाचार-आधारित और भविष्य के लिए तैयार विकास केंद्र के रूप में स्थापित किया जा सके।