भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय
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भारतीय जनता पार्टी के महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने आईटी कंपनियों के पेशेवरों के लिए इंदौर में शुरू किए गए नाइट कल्चर का विरोध किया है। उन्होंने स्थानीय रेसीडेंसी कोठी पर हुई आपदा प्रबंधन समिति की बैठक में रात्रि संस्कृति को लेकर सवाल उठाए। बैठक में विजयवर्गीय ने कहा वे इसके विरोधी हैं, क्योंकि रात को युवा नशे में धुत नजर आ रहे हैं। वे ड्रग्स का नशा करते हैं।
प्रशासन गंभीरता से विचार करे
विजयवर्गीय ने कहा कि बचपन में वे पिताजी, मामाजी के साथ सराफा बाजार जाया करते थे। रबडी, जबेली खाते थे। तब शहर के कई बड़े लोग सराफा में नजर आते थे। रात को दो बजे तक सराफा खुला रहता था। सड़कों पर चहल-पहल रहा करती थी। नाइट कल्चर इंदौर की संस्कृति रहा है, लेकिन अब तक रात को सड़कों पर युवक-युवती नशे में धुत नजर आते हैं। प्रशासन को नाइट कल्चर पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
ड्रग्स रैकेट सक्रिय
इस आपदा प्रबंधन समिति की बैठक में महापौर पुष्यमित्र भार्गव, मंत्री तुलसी सिलावट, विधायक आकाश विजयवर्गीय सहित भाजपा के कई नेता मौजूद थे। विजयवर्गीय ने कहा कि इस कल्चर की आड़ में ड्रग्स रैकेट सक्रिय है। अफसरों को जांच कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करना चाहिए।
पहले युवतियों की तुलना शूर्पणखा से की थी
बता दें, इंदौर में नाइट कल्चर को लेकर पिछले दिनों विजयवर्गीय ने एक कार्यक्रम में कहा था कि रात को जब वे जाते हैं तो युवक-युवती नशे में नजर आते हैं। उन्होंने लड़कियों के पहनावे को लेकर टिप्पणी करते उनकी तुलना शूर्पणखा से की थी। विजयवर्गीय से पहले पूर्व लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन भी नाइट कल्चर को लेकर आपत्ति जता चुकी हैं।