पद्मश्री पुुरु दाधिच के परिजनों के साथ मंत्री ठाकुर
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संगीत समारोह में हुए अपने अपमान से आहत पद्मश्री डॉ. पुरु दाधिच के घर मप्र की संस्कृति मंत्री उषा ठाकुर पहुंचीं और खेद जताया। मंत्री ने कहा कि मुझे घटना की जानकारी नहीं थी लेकिन जो कुछ हुआ वह अफसोसजनक है। इसमें जिसकी भी गलती है, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
दरअसल इंदौर में चल रहे राग अमीर संगीत समारोह में ख्यात कथक नर्तक पद्मश्री पुरु दाधिच को अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। वे वहां पहुंचे तो उन्हें सम्मान नहीं मिला उल्टा खुद को मंत्री का समर्थक बताने वाले व्यक्ति ने उनको कुर्सी से उठा दिया। दुखी होकर दाधिच वहां से घर चले गए और आॉडियो संदेश भेजा। इसमें अपने मन की पीड़ा व्यक्त कर कहा कि आगे से कभी किसी सरकारी समारोह में नहीं जाउंगा। उधर शहर के कलाप्रेमियों ने इस घटना के लिए जिम्मेदारों की आलोचना की। कांग्रेस ने भी कहा कि मंत्री को कलाकार के घर जाकर माफी मांगना चाहिए। मामले ने तूल पकड़ा तो सांसद शंकर लालवानी ने डॉ. दाधिच से मंत्री उषा ठाकुर की फोन पर बात करवाई। इसके बाद मंत्री उनके घर पहुंचीं और खेद व्यक्त किया। मंत्री के साथ जयंत भिसे व भाजपा मीडिया प्रभारी देवकीनंदन तिवारी भी थे। गुरु दाधिच ने उन्हें अपने साथ हुई घटना बताते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं बाबू तंत्र के कारण होती है। उन्हें पानी तक के लिए नहीं पूछा गया और कुर्सी पर बैठने तक नहीं दिया। अब वरिष्ठ कलाकारों का सम्मान करने के संस्कार नहीं है। उन्होंने सझाव दिया कि मप्र के वरिष्ठ कलाकारों को एक सलाहकार समिति बनाकर उसमें लिया जाए। इसके साथ ही पूरा सम्मान मिले। इस पर मंत्री ने कहा कि प्रदेश के सभी वरिष्ठ कलाकारों का सम्मान किया जाएगा। मामले में मंत्री उषा ठाकुर ने कहा कि मुझे घटना की जानकारी नहीं थी लेकिन जो कुछ हुआ वह अफसोसजनक है। इसमें जिसकी भी गलती है, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।