गुना जिले के कुंभराज क्षेत्र में मानसिक रूप से कमजोर लोगों को बंधक बनाकर उनसे जबरन मजदूरी कराने का मामला सामने आया है। प्रशासन और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में चार लोगों को मुक्त कराया गया, जबकि एक व्यक्ति की तलाश जारी है।
गुना जिले के कुंभराज क्षेत्र में मानसिक रूप से कमजोर लोगों को बंधक बनाकर उनसे जबरन मजदूरी कराने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। मामले का खुलासा होने के बाद प्रशासन और पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए चार लोगों को मुक्त कराया है। हालांकि, प्रशासन को पांच लोगों के बंधक होने की सूचना मिली थी, लेकिन अभी तक एक व्यक्ति का पता नहीं चल सका है। प्रशासन द्वारा उसकी तलाश जारी है।
विज्ञापन
दबिश देकर तलाश अभियान शुरू किया गया
जानकारी के अनुसार, कुंभराज थाना क्षेत्र के ग्राम माड़ाखेड़ा में कुछ लोगों द्वारा मानसिक रूप से विक्षिप्त और असहाय व्यक्तियों को बंधक बनाकर उनसे मजदूरी कराने की सूचना प्रशासन को मिली थी। इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम रवि मालवीय के नेतृत्व में तत्काल कार्रवाई की योजना बनाई गई। प्रशासन ने राजस्व विभाग, नगर पालिका और पुलिस की संयुक्त तीन टीमों का गठन किया और गुरुवार सुबह गांव में दबिश देकर तलाश अभियान शुरू किया।
भूखे-प्यासे हालत में इधर-उधर भटकते हुए मिले लोग
अभियान के दौरान टीमों ने गांव के अलग-अलग स्थानों पर सर्च ऑपरेशन चलाया। कार्रवाई के दौरान दो व्यक्तियों को कुछ घरों में बंधक बनाकर रखा हुआ पाया गया, जबकि दो अन्य व्यक्तियों को खेतों और सड़कों के आसपास भटकते हुए बरामद किया गया। अधिकारियों के अनुसार, प्रशासन की कार्रवाई की भनक लगते ही आरोपियों ने दो लोगों को घर से बाहर भगा दिया था। इसके कारण वे लोग भूखे-प्यासे हालत में इधर-उधर भटकते हुए मिले।
विज्ञापन
प्रशासन ने सभी चारों व्यक्तियों को सुरक्षित अपने कब्जे में लेकर प्राथमिक सहायता उपलब्ध कराई। इसके बाद उन्हें चिकित्सकीय परीक्षण के लिए भेजा गया। अधिकारियों का कहना है कि इन लोगों की स्थिति और स्वास्थ्य को देखते हुए उनका उचित इलाज कराया जाएगा।
एसडीएम रवि मालवीय ने बताया कि फिलहाल चार लोगों को सुरक्षित मुक्त करा लिया गया है। सभी का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है और उसके बाद उन्हें उनके गृह क्षेत्र शिवपुरी स्थित ‘अपना घर’ संस्थान भेजा जाएगा, जहां उनकी देखभाल और पुनर्वास की व्यवस्था की जाएगी।
उन्होंने बताया कि प्रारंभिक जानकारी में सामने आया है कि कुछ लोग इन मानसिक रूप से कमजोर व्यक्तियों को अपने कब्जे में रखकर उनसे मजदूरी करा रहे थे। इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। जांच में जिन भी लोगों की संलिप्तता सामने आएगी, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन को सूचना मिली थी कि कुल पांच लोगों को बंधक बनाकर रखा गया था। फिलहाल चार लोगों को मुक्त करा लिया गया है, जबकि पांचवें व्यक्ति की तलाश के लिए पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार प्रयास कर रही हैं।