मध्यप्रदेश के अलग-अलग क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश ने जहां जनजीवन अस्त व्यस्त किया है, वहीं विचरण करने वाले पशुओं के लिए भी ये मुसीबत बन गई है। ऐसा ही एक मामला हाल ही में गुना जिले में सामने आया है, जहां रविवार को हुई अत्याधिक बारिश के कारण बीलखेड़ा गांव के मोतिया नाले में फंसने से मौत हो गई। जिनके उचित मुआवजे की मांग किसानो के द्वारा की गई है।
जानकारी के मुताबिक यह पूरा मामला गुना जिले के बीलखेड़ा गांव का बताया जा रहा है। इसमें कहा जा रहा है कि रोज की तरह से गांव से जंगल में चरने के लिए जाने वाली किसानो की 8 भैंसे रविवार को भी जंगल में गई हुई थीं, लेकिन रविवार को हुई अत्याधिक बारिश के कारण मोतिया नाले में आई बाड़ से आठ भैंसे पानी के पाइप में फंस गईं और उनकी मौत हो गई।
जब किसानो की भैंसे अपने मुकाम तक नही पहुंचीं तो सोमवार की सुबह उन्हे ढूंढने के लिए निकले किसानो को उनकी मृत हुई भैंसों के शव मोतिया नाले में दिखाई दिए। इसके पास मौके पर अन्य ग्रामीणों की भी भीड़ जमा हो गई और किसानो ने मौके पर से ही वीडियो और पंचनामा बनाकर शासन प्रशासन से उचित मुआवजे की मांग की है।
ग्रामीणों के मुताबिक जिन ग्रामीणों की भैंसों की मौत हुई है उनमें सौलाल पिता हीरा बंजारा, मन्नालाला पिता हीर बंजारा, राम पिता धर्म बंजारा, किसान पिता शिवलाल बंजारा, बाला पिता नौला बंजारा, मोहन पिता खैमा बंजारा की भैंस मारी गई है। इन्हें लाखो रुपये का नुकसान हुआ है।