उच्चतम न्यायालय के आदेश पर प्रदेश के करीब डेढ़ लाख शिक्षकों की पात्रता परीक्षा अलग-अलग चरणों में होगी। पहले प्राथमिक और बाद में माध्यमिक शिक्षकों की परीक्षा होगी। माध्यमिक शिक्षा मंडल को जिम्मेदारी मिलने की संभावना है। आवेदन की अंतिम तिथि 18 सितंबर है।
उच्चतम न्यायालय के आदेश पर कराई जाने वाली शिक्षकों की पात्रता परीक्षा में प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षकों के लिए अलग-अलग परीक्षा आयोजित की जाएगी। लोक शिक्षण संचालनालय के साथ चर्चा के बाद माध्यमिक शिक्षा मंडल इसके लिए परीक्षा एजेंसी बनने की तैयारी कर रहा है। मंडल की ओर से प्रस्ताव दिए जाने के बाद सरकार अंतिम निर्णय लेगी।
प्रदेश के करीब डेढ़ लाख शिक्षकों के लिए ऑफलाइन मोड में पात्रता परीक्षा आयोजित कराने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग कर्मचारी चयन मंडल की जगह माध्यमिक शिक्षा मंडल को जिम्मेदारी दे सकता है। ऑनलाइन के साथ ऑफलाइन परीक्षा का विकल्प आने के बाद माध्यमिक शिक्षा मंडल की भूमिका तय मानी जा रही है। माध्यमिक शिक्षा मंडल अपनी परीक्षाएं ऑफलाइन माध्यम से कराता है, जबकि कर्मचारी चयन मंडल ऑनलाइन परीक्षा आयोजित करता है।
नवंबर या दिसंबर में हो सकती है परीक्षा
पहले प्राथमिक, फिर माध्यमिक शिक्षकों की परीक्षा
इधर, शिक्षक संगठनों ने परीक्षा केंद्र विकासखंड और जिला स्तर पर बनाए जाने की मांग की है। इसे देखते हुए माध्यमिक शिक्षा मंडल जिला और ब्लॉक स्तर पर भी परीक्षा केंद्र बना सकता है। इससे शिक्षकों को परीक्षा देने के लिए अधिक दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी।
18 सितंबर तक कर सकेंगे आवेदन