धार जिले के खलघाट में राष्ट्रीय राजमार्ग क्रमांक 52 पर हुए किसान महाआंदोलन के दौरान किए गए चक्काजाम मामले में पुलिस ने गंभीर कदम उठाते हुए भारतीय किसान मजदूर महासंघ के जिलाध्यक्ष सहित 17 नामजद किसानों पर प्रकरण दर्ज किया है। यह कार्रवाई धामनोद पुलिस द्वारा आंदोलन में की गई प्राइवेट वीडियोग्राफी और अन्य साक्ष्यों के आधार पर की गई है।
जानकारी के अनुसार, 1 दिसंबर को भारतीय किसान मजदूर महासंघ मालवा-निमाड़ प्रांत के बैनर तले धार, बड़वानी, खरगोन और खंडवा जिले के सैकड़ों किसान खलघाट टोल प्लाजा के पास एकत्र हुए थे। किसानों ने अपने ट्रैक्टरों और वाहनों को हाईवे पर खड़ा कर आवागमन अवरुद्ध कर दिया। साथ ही, पेड़ों के सूखे तने एवं अन्य वस्तुएं सड़क पर रखकर मार्ग को पूरी तरह बाधित कर दिया, जिससे राष्ट्रीय राजमार्ग पर लगभग 600 से 700 लोगों की भीड़ के कारण भारी जाम की स्थिति निर्मित हो गई। इस अवरोध के चलते आमजन को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा तथा सड़क मार्ग पर नुकसान भी हुआ।
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पुलिस ने पूरे घटनाक्रम की वीडियोग्राफी कराई, जिसमें कई लोगों की पहचान स्पष्ट हुई। इसी आधार पर 17 लोगों को नामजद करते हुए आईपीसी की धारा 188, 340, 147 तथा राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम 1956 की धारा 8(बी) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।
इन पर दर्ज हुआ मामला
राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ के महामंत्री गोपाल पाटीदार, बड़वानी जिलाध्यक्ष मंदन मुवेला, बदनावर के प्रकाश धाकड़, खंडवा जिला अध्यक्ष त्रिलोक चंद पटेल, खरगोन अध्यक्ष किशोर पाटीदार, वल्लभ पाटीदार (धरमपुरी), रामदास मुकाती (कुक्षी), रामेश्वर गुर्जर (खरगोन), कैलाश पाटीदार (निमाड़ प्रांत), हरिराम पाटीदार (जिला उपाध्यक्ष, खरगोन मंडलेश्वर), राजा सोलंकी (जरोली, खरगोन), प्रफुल्ल पटेल (धामनोद), अंकित संलोकी (खरगोन), हवन पटेल व महादेव पटेल (धामनोद), महादेव पाटीदार (लोहारी) और ओमप्रकाश पाटीदार (डोगरगांव) सहित लगभग 700 अन्य अज्ञात किसानों पर भी कार्रवाई की गई है।
राष्ट्रीय किसान मजदूर महासंघ ने 1 दिसंबर को NH 52 पर किया था चक्काजाम।