भोपाल में मंगलवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 12 नए मामले सामने आए और इसके साथ ही मध्यप्रदेश में संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 268 पर पहुंच गई। भोपाल में मंगलवार को पाए गए संक्रमण के 12 मामलों में सात पुलिसकर्मी व उनके परिवार के सदस्य और स्वास्थ्य विभाग के पांच कर्मचारी शामिल हैं। वहीं, इंदौर में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 173 हो गई है। अबतक का अपडेट-
पल्लवी जैन गोविल को हटाया
पल्लवी जैन गोविल को प्रमुख सचिव स्वास्थ्य पद से हटाया गया। सुलेमान को अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य और सुदाम खाडे को स्वास्थ्य निदेशक नियुक्त किया गया।
इंदौर में 173 मरीज
इंदौर में कोरोना वायरस मरीजों की संख्या 173 तक पहुंची। आज ताजा आंकड़ों के अनुसार 22 नए पॉजिटिव केस इंदौर में और एक उज्जैन में पाया गया है। अब तक इंदौर में कोरोना से 15 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 139 स्थिर हैं व आठ गंभीर स्थिति में हैं जिनका इलाज जारी है। इसके साथ ही उज्जैन में अब तक छह, खरगोन में चार और बड़वानी में तीन कोरोना पॉजिटिव मरीज पाए गए ।
इंदौर संभागायुक्त ने किया अस्पतालों का दौरा
इंदौर संभागायुक्त आकाश त्रिपाठी ने कहा है कि निजी चिकित्सालयों में आने वाले मरीजों को चिकित्सा सेवा मुहैया कराना कानूनन अनिवार्य हैं। अगर अस्पताल संचालनकर्ता इस संबंध में कोई आनाकानी करते हैं तो उन पर कार्रवाई होगी। प्रशासन द्वारा इंदौर के विभिन्न अस्पतालों का बीमारियों के अनुसार श्रेणीकरण कर दिया गया है। त्रिपाठी ने आज क्योरवेल अस्पताल और ग्रेटर कैलाश अस्पताल का निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन और मरीजों से चर्चा कर वस्तुस्थिति का जायजा लिया। संभागायुक्त की सख्ती के बाद निगम ने अस्पताल संचालकों पर सख्ती दिखानी शुरू कर दी है। नगर निगम इंदौर कमिश्नर आशीष सिंह के निर्देश पर आज निगम का दल ग्रेटर कैलाश अस्पताल की नपती करने पहुंचा जहां भारी मात्रा में अनियमितता पाई गई। संभाग आयुक्त के निर्देश के बाद नगर निगम बड़ी कार्रवाई कर सकता है।
संभागायुक्त त्रिपाठी और आई जी विवेक शर्मा ने आज टाटपट्टी बाखल और रानीपुरा का फिर भ्रमण कर व्यवस्थाएं देखीं। क्षेत्र में तैनात अधिकारी व कर्मचारियों से भी मिले। संभागायुक्त त्रिपाठी ने एएनएम कार्यकर्ताओं से मुलाकात की जहां कार्यकर्ता ने उन्हें पीपीपी किट की कमी से अवगत कराया। त्रिपाठी ने तत्काल स्वास्थ विभाग को निर्देश दिए कि फील्ड में कार्य करने वाली कार्यकर्ताओं को तत्काल पीपी किट उपलब्ध कराए जाएं।
लोगों का जीवन ज्यादा महत्वपूर्ण: शिवराज चौहान
मध्यप्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि लोगों का जीवन ज्यादा महत्वपूर्ण है, अर्थव्यवस्था दोबारा खड़ी की जा सकती है, लेकिन अगर लोगों की मौत हुई तो उन्हें कैसे वापस लाएंगे? इसीलिए अगर जरूरी हुआ तो हम लॉकडाउन बढ़ाएंगे, हालात को देखकर फैसला लिया जाएगा।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कोरोना वायरस महामारी को फैलने से रोकने में मदद कर रहे पुलिसकर्मियों सहित प्रदेश सरकार के अन्य विभागों के कर्मचारियों को 50-50 लाख रुपये की बीमा सुरक्षा देने की मंगलवार को घोषणा की।