मध्यप्रदेश में बुरहानपुर जिले के आसीरगढ़ गांव में बीते दिनों मुगलकालीन सोने के सिक्के मिलने की अफवाह जमकर फैली थी, जिसके बाद इसकी जांच के लिए जिला प्रशासन का अमला मौके पर पहुंचा था। यहां पहुंची टीम को चारो ओर खेतों में खुदाई के बाद बड़ी संख्या में छूटे हुए गड्ढे दिखाई दिए हैं, जिसकी तस्दीक नेपानगर एसडीएम ने करते हुए जिला कलेक्टर को जांच रिपोर्ट सौंपी है।
वहीं, इस दौरान यहां के इतिहासकारों ने भी माना है कि आसीरगढ़ मुगलकाल में टकसाल रही है। ऐसे में जमीन से सिक्के या और दूसरी कोई आवश्यक वस्तु मिलने से इंकार नहीं किया जा सकता है। जिला प्रशासन पुरातत्व विभाग ने इस तथ्य की गहनता से जांच करनी चाहिए और अगर वाकई में सिक्के मिले हैं तो उसे अपने कब्जे में लेकर लोगों के इस तरह खुदाई करने से रोकना चाहिए। वहीं, जिला प्रशासन के जांच दल में पहुंचे नेपानगर एसडीएम, तहसीलदार, निंबोला थाना प्रभारी ने उस खेत का निरीक्षण किया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया मे वायरल हुआ था, जिसके बाद अब जिला प्रशासन, पुलिस और पंचायत यहां निगरानी रखेगी और किसी के खुदाई करते मिलने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
जांच में मिले खेत में जगह-जगह खुदे गड्ढे
वहीं, मौके पर पहुंचे नेपानगर एसडीएम भागीरथ वाखला ने बताया कि जिला कलेक्टर से मिले निर्देशों के बाद वे आसीरगढ़ के खेत में जांच के लिए पहुंचे, जिसको लेकर बीते कुछ दिनों से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर यहां रात के समय खुदाई का एक वीडियो भी वायरल हो रहा था। उसकी तस्दीक करने ही हम यहां पहुंचे थे। इसको लेकर यहां की स्थानीय टीम के साथ जब हमने जांच की तो देखा कि यहां खेत में लोग जगह-जगह गड्ढे खोद रहे हैं। जबकि इसको लेकर जिला कलेक्टर के स्पष्ट निर्देश हैं कि यहां कोई ऐसी गतिविधि न की जाए, जो नियम विरुद्ध हो। यदि यहां से किसी को कोई पुरातात्विक महत्व की चीज मिली है, तो उसे भी प्रशासन के सुपुर्द किया जाए।
प्रारंभिक जांच के बाद पुरातत्व विभाग की टीम करेगी सर्वे
इसके साथ ही एसडीएम ने आम जनता से अपील भी की है कि यहां रात के समय खुदाई करने न आएं। ऐसा रिस्क कोई न लें। फिर भी यदि कोई आता है तो उसके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। क्योंकि इसको लेकर खेत मालिक की भी शिकायत है कि आए दिन लोग यहां खुदाई करने आ रहे हैं, जिससे उन्हें खेती करने में भी परेशानी हो रही है। जो कि उनकी जायज शिकायत है। वहीं, उन्होंने बताया कि वे अभी यहां की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट जिला कलेक्टर को पेश करेंगे। इसके बाद आवश्यकता पड़ने पर कलेक्टर के द्वारा पुरातात्विक विभाग की टीम भी यहां का सर्वे करने पहुंचेगी। हालांकि, अब तक इस क्षेत्र से ऐसा कोई व्यक्ति सामने नहीं आया है, जिसे कोई पुरातात्विक सिक्के मिले हों। लेकिन फिर भी इसके लिए पंचायत के माध्यम से मुनादी करवाई जाएगी कि जिसे सिक्के मिले हों, वह आगे आकर उसे शासन को जमा कराए।