फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

MP Weather Today: ठंड ने बदला मिजाज, रातें कुछ नरम, घने कोहरे से जनजीवन प्रभावित, फिर लौटेगी कड़ाके की ठंड

Sat, 03 Jan 2026 07:28 AM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

मध्यप्रदेश में रात की कड़ाके की ठंड कुछ कम हुई है, लेकिन घना कोहरा जनजीवन को प्रभावित कर रहा है। प्रदेश के कई जिलों में दृश्यता बेहद कम रहने से ट्रेनों की आवाजाही प्रभावित हुई और कई जगह कोल्ड डे जैसे हालात बने। कड़ाके की ठंड का असली असर महीने के दूसरे सप्ताह से दिखाई देगा, जो अंत तक जारी रह सकता है।
विज्ञापन
मौसम - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मध्यप्रदेश में कड़ाके की ठंड का तीखापन भले ही रात के समय थोड़ा कम हुआ हो, लेकिन सुबह और शाम घना कोहरा नई चुनौती बनकर सामने आ गया है। शुक्रवार को प्रदेश के लगभग आधे हिस्से में कहीं घना तो कहीं मध्यम कोहरा छाया रहा। हालात ऐसे रहे कि कई जिलों में दृश्यता बेहद कम हो गई। शनिवार सुबह भी उत्तर और मध्य हिस्सों में कोहरे का असर साफ नजर आया। मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में अगले तीन दिन तक घने कोहरे का सिलसिला जारी रहेगा। इसके बाद एक बार फिर शीतलहर के साथ तेज सर्दी का दौर लौटने की संभावना है।
विज्ञापन


दिन में भी रात जैसी ठंड, कोल्ड डे की स्थिति
इस सर्दी के सीजन में पहली बार प्रदेश के कई हिस्सों में दिन का तापमान रात जैसा महसूस हुआ। शुक्रवार को दतिया में अधिकतम तापमान 16.8 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि ग्वालियर, गुना और नौगांव में यह 17 डिग्री के आसपास रहा। टीकमगढ़, खजुराहो, श्योपुर, पचमढ़ी, रतलाम, रीवा, सतना, उज्जैन, दमोह और भोपाल समेत कई जिलों में दिनभर सर्द हवाओं के कारण कोल्ड डे जैसे हालात बने रहे।

अगले दो दिन का अलर्ट
4 जनवरी को ग्वालियर, चंबल, रीवा, सागर और शहडोल संभाग के कई जिलों में घने कोहरे का अलर्ट जारी किया गया है।5 जनवरी को भी ग्वालियर, चंबल, सागर, रीवा और शहडोल संभाग में कोहरे का असर ज्यादा रहने की संभावना है।
विज्ञापन



कोहरे की मार, ट्रेनों की रफ्तार थमी
गुरुवार और शुक्रवार की दरमियानी रात को पचमढ़ी प्रदेश का सबसे ठंडा स्थान रहा। वहीं, घने कोहरे की वजह से भोपाल, इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर रूट की कई ट्रेनें 1 से 2 घंटे तक देरी से चलीं। दिल्ली से आने वाली मालवा, शताब्दी, सचखंड एक्सप्रेस समेत कई ट्रेनों पर कोहरे का सीधा असर पड़ा। खजुराहो में दृश्यता 50 मीटर से भी कम दर्ज की गई। भोपाल, ग्वालियर, दतिया, उज्जैन, इंदौर, रीवा, सागर, सतना, दमोह, रायसेन, राजगढ़, गुना, नर्मदापुरम, मंडला और सिवनी सहित कई जिलों में विजिबिलिटी बेहद कम रही।

रात के तापमान में बढ़ोतरी, फिर भी ठंड कायम
प्रदेश के ज्यादातर बड़े शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और उज्जैन में रातें अपेक्षाकृत कम सर्द रहीं। हालांकि पचमढ़ी, शिवपुरी, टीकमगढ़, राजगढ़, रीवा और नौगांव ऐसे इलाके रहे, जहां पारा 10 डिग्री से नीचे बना रहा।

यह भी पढ़ें-आरजीपीवी में गड़बड़ियों के साए के बाद नए कुलपति की तलाश, राजभवन ने शुरू की आवेदन प्रक्रिया


जनवरी में भी शीतलहर के लंबे दौर के आसार
सीनियर मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि इस बार दिसंबर में प्रदेश में कहीं भी बारिश नहीं हुई, जिससे मौसम लगातार शुष्क बना रहा। भोपाल, इंदौर समेत कई जिलों में 15 से 16 दिन तक कोल्ड वेव चली। यही स्थिति जनवरी में भी बने रहने की संभावना है। मौसम विभाग का अनुमान है कि जनवरी में 15 से 20 दिन तक शीतलहर चल सकती है और कड़ाके की ठंड का असली असर महीने के दूसरे सप्ताह से दिखाई देगा, जो अंत तक जारी रह सकता है।
विज्ञापन



यह भी पढ़ें-मध्यप्रदेश में मौसम का बदला मिजाज, उत्तरी एमपी में कोहरा,3 जनवरी से फिर लौटेगी कड़ाके की ठंड

क्यों बढ़ेगी ठंड?
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, पहाड़ी राज्यों में हो रही बर्फबारी और पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता का असर मध्यप्रदेश तक पहुंचेगा। इसके चलते सुबह घना कोहरा, दिन में सर्द हवाएं और आगे चलकर शीतलहर का प्रकोप बढ़ेगा। शुक्रवार को जेट स्ट्रीम की रफ्तार 213 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच गई, जिससे दिन में भी ठंड का असर महसूस हुआ।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें