दिग्विजय सिंह के बयान पर शिवराज का पलटवार
- फोटो : अमर उजाला
पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने सर्जिकल स्ट्राइक का सबूत मांग लिया था। इस पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने निशाना साधा है। शिवराज सिंह चौहान ने दिग्गी के बयान पर कहा कि कांग्रेस का डीएनए ही पाकिस्तान परस्ती का है।
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि कांग्रेस का डीएनए ही पाकिस्तान परस्ती का है। कभी सर्जिकल स्ट्राइक के सबूत मांगते हैं। कभी भगवान राम पर सवाल उठाते हैं। दिग्विजय सिंह पाकिस्तान के साथ खड़े हैं। सेना का मनोबल गिराने का काम कांग्रेस न करें। यह लोग भारत जोड़ो यात्रा में सर्जिकल स्ट्राइक के सबूत मांग रहे हैं। यात्रा में टुकड़े-टुकड़े गैंग इनके साथ चल रही है। राहुल गांधी सवाल करते हैं कि सेना कमजोर हो गई है। यह देशभक्ति नहीं है। दिग्विजय सिंह के राज में कभी मध्यप्रदेश सिमी का गढ़ था। उन्होंने राहुल गांधी से सवाल किया कि यह कैसे भारत जोड़ो यात्रा है?
कांग्रेस को आदिवासियों की बैठक करने का अधिकार नहीं
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के अनुसूचित जनजाति की बैठक बुलाने पर मुख्यमंत्री ने हमला बोला। सीएम ने कहा कि उन्हें आदिवासी भाई-बहनों की बात करने का अधिकार नहीं है। सीएम ने कमलनाथ से सवाल किया कि उन्होंने पेसा एक्ट (पंचायतों के प्रावधान का अनुसूचित क्षेत्रों तक विस्तार) अधिनियम, 1996) लागू क्यों नहीं किया था? बता दें, आदिवासियों के हितों के संरक्षण के लिए बनाए गए इस एक्ट के लागू हो जाने से ग्राम सभा अब बहुत अधिक शक्तिशाली हो गई है। पेसा एक्ट लागू करने वाला मप्र सातवां राज्य है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कमलनाथ ने आदिवासी महापुरुषों के नाम पर न तो स्मारकों के नाम रखे और न ही उन्हें याद किया। उन्होंने उनके लिए कुछ नहीं किया। सीएम ने कमलनाथ से सवाल पूछा कि विशेष पिछड़ी जाति बैगा, भारिया, सहरिया के लोगों को बीजेपी की सरकार एक हजार रुपये देती थी। 15 महीने की कमलनाथ सरकार ने यह पैसा बंद क्यों किया?
10 माह बाद हैं प्रदेश में चुनाव
मध्यप्रदेश में नवंबर माह में विधानसभा चुनाव हैं। इससे पहले प्रदेश की सियासत भी गरमा गई है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और पूर्व सीएम कमलनाथ के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस की नई प्रदेश कार्यकारिणी को सर्कस बताया था।