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MP News: मछुआरों की सुरक्षा और समृद्धि सरकार की प्राथमिकता-हाईटेक ड्रोन, जीपीएस और प्रशिक्षण संस्थान खुलेगा

Tue, 08 Jul 2025 07:40 PM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

मध्यप्रदेश सरकार मछुआ समुदाय के जीवन को सुरक्षित, समृद्ध और आधुनिक तकनीकों से सशक्त बनाने की दिशा में तेजी से कदम उठा रही है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस दिशा में ड्रोन निगरानी, ट्रांजिट हाउस, फ्लोटिंग प्लेटफॉर्म और अत्याधुनिक केवट प्रशिक्षण संस्थान जैसी योजनाओं की शुरुआत की है।
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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मछुआ समुदाय की सुरक्षा, सुविधा और समृद्धि राज्य सरकार की प्राथमिकता है। इसी दिशा में मध्य प्रदेश में मछुआरों की मदद के लिए हाईटेक तकनीक और आधुनिक संसाधनों से युक्त नई योजनाएं शुरू की जा रही है। इसमें कंट्रोल कमांड सेंटर, ट्रांजिट हाउस, फ्लोटिंग प्लेटफॉर्म और अत्याधुनिक केवट प्रशिक्षण संस्थान की स्थापना की जा रही है। प्रदेश के प्रमुख जलाशयों में मछुआरों की 24x7 निगरानी के लिए अब ड्रोन, जीपीएस और सीसीटीवी से युक्त कंट्रोल कमांड रूम की स्थापना की जा रही है। इंदिरा सागर जलाशय में यह पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू किया जा रहा है। इससे आपात स्थिति में तत्काल सहायता पहुंचाई जा सकेगी और ब्रीडिंग ग्राउंड व मत्स्य आखेट पर निगरानी आसान हो सकेगी।
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टापुओं पर ट्रांजिट हाउस और जल में फ्लोटिंग प्लेटफॉर्म बनेंगे
गांधी सागर और इंदिरा सागर जलाशयों में मछुआरों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पांच ट्रांजिट हाउस और दो फ्लोटिंग प्लेटफॉर्म बनाए जाएंगे। ये सुविधाएं मछुआरों को बारिश और आपात स्थितियों में सुरक्षित रात्रि विश्राम, भोजन, सोलर चार्जिंग और बायो टॉयलेट जैसी सुविधाएं देंगी।

भोपाल में बन रहा अत्याधुनिक केवट प्रशिक्षण संस्थान
मछुआ समुदाय को वैश्विक मानकों पर प्रशिक्षण देने के उद्देश्य से भोपाल में 5 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक "केवट प्रशिक्षण संस्थान" बनाया जा रहा है। यहां केज कल्चर, बायोफ्लॉक, रिसर्कुलेटरी एक्वा कल्चर सिस्टम, फिश प्रोसेसिंग और वैल्यू एडिशन जैसे विषयों पर प्रशिक्षण दिया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह पहल राज्य में मत्स्य उत्पादन, रोजगार और जल आधारित संसाधनों के संरक्षण में मील का पत्थर साबित होगी। आधुनिक तकनीक से मछली पालन को नया आयाम मिलेगा और मछुआरों का जीवन स्तर बेहतर होगा।
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