अश्विनी आर्य, अंशु गुप्ता, प्रकाश यादव
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केंद्र की मोदी सरकार ने शनिवार को बजट 2025 में 12 लाख रुपए सलाना आय पर कोई टैक्स नहीं लगाने का एलान किया है। यह छूट टैक्स के नई रजीम में लागू होगी। नौकरीपेशा कर्मचारियों को स्टैंडर्ड डिडक्शन के कारण यह छूट 12 लाख 75 हजार रुपए तक मिलेगी। इसके अलावा सरकार ने किसान क्रेडिट लिमिट को 3 लाख से बढ़ाकर 5 लाख और महिला उद्यमियों के लिए नई योजना शुरू करने का एलान किया है। इससे महिलाओं का आर्थिक सशक्तिकरण होगा। वहीं, टैक्स में छूट से पर्चेसिंग पॉवर बढ़ेगी, जिससे मार्केट में पैसे का फ्लो बढ़ेगा।
पर्चेंसिंग पॉवर में इजाफा होगा
होशंगाबाद रोड निवासी अश्विनी आर्या ने केंद्र सरकार के निर्णय राहत भरा बताया। उन्होंने कहा कि इससे नौकरी पेशा के पास सेविंग्स और खर्च करने के लिए पैसा बचेगा। जिससे बाजार में पैसे का फ्लो बढ़ेगा और पर्चेसिंग पॉवर में इजाफा होगा। इस फैसले से आम जनता को राहत मिलेगी और आर्थिक गतिविधियों में तेजी आएगी। स्टैडर्ड डिडक्शन से यह छूट में इजाफा होगा।
सरकार का कदम राहत भरा
अयोध्या बायपास निवासी प्रकाश यादव ने बताया कि अब 12 लाख रुपए सलाना आय वाले नौकरीपेशा व्यक्तियों को 80,000 रुपए तक की टैक्स छूट मिल सकेगी। इसके तहत स्टैंडर्ड डिडक्शन की सुविधा भी है, जो 12 लाख 75 हजार रुपए तक लागू होगी, जिससे टैक्सपेयर्स को और राहत मिलेगी। इससे मार्केट में खरीदारी बढ़ेगी। जिससे देश की आर्थिक स्थिति में भी सुधार होगा।
महिलाएं होगी आर्थिक रूप से सशक्त
वहीं, दानिश नगर निवासी महिला उद्यमी अंशु गुप्ता ने इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने महिलाओं के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं की घोषणा की है। एससी/एसटी महिला उद्यमियों के लिए महिला उद्यमी योजना, विशेष ऋण योजना और प्रशिक्षण एवं क्षमता निर्माण कार्यक्रमों से महिला व्यवसायियों को फायदा होगा। यह योजनाएं महिलाओं को व्यवसाय बढ़ाने और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में मदद करेंगी।